बैंकों का पर्यवेक्षण सूचकांक सितंबर तिमाही में सुधरकर 90.7 पर पहुंचाः आरबीआई

बैंकों का पर्यवेक्षण सूचकांक सितंबर तिमाही में सुधरकर 90.7 पर पहुंचाः आरबीआई

बैंकों का पर्यवेक्षण सूचकांक सितंबर तिमाही में सुधरकर 90.7 पर पहुंचाः आरबीआई
Modified Date: January 6, 2026 / 09:53 pm IST
Published Date: January 6, 2026 9:53 pm IST

मुंबई, छह जनवरी (भाषा) भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने मंगलवार को कहा कि देश के अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों द्वारा जमा किए जाने वाले आंकड़ों की गुणवत्ता जुलाई-सितंबर 2025 तिमाही में सुधरकर 90.7 हो गई।

आरबीआई ने एक बयान में कहा कि बैंकों का ‘पर्यवेक्षण आंकड़ा गुणवत्ता सूचकांक’ (एसडीक्यूआई) सितंबर तिमाही में बढ़कर 90.7 हो गया जबकि अप्रैल-जून तिमाही में यह 89.9 था।

केंद्रीय बैंक ने एसडीक्यूआई को यह जांचने के लिए बनाया है कि बैंक अपने वित्तीय आंकड़े कितने सटीक, समय पर, पूर्णता और एक-जैसी जानकारी के साथ जमा कर रहे हैं।

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इस सूचकांक का उद्देश्य यह देखना है कि बैंक आरबीआई के पर्यवेक्षण रिटर्न दाखिल करने से जुड़े नियम, 2024 का किस हद तक पालन कर रहे हैं।

रिजर्व बैंक के मुताबिक, सितंबर 2025 तिमाही में किसी भी बैंक का स्कोर 80 से कम नहीं रहा, जो एक सकारात्मक संकेत है।

आरबीआई की रेटिंग प्रणाली में 70 से कम स्कोर को गंभीर चिंता, 70-80 को सुधार की जरूरत, 80-90 को स्वीकार्य और 90 से अधिक स्कोर को अच्छा माना जाता है।

यह सूचकांक 87 बैंकों के प्रमुख आंकड़ों को शामिल करता है, जिनमें ऋण की गुणवत्ता, जोखिम, नकदी स्थिति और पूंजी पर्याप्तता से जुड़े विवरण शामिल हैं।

आरबीआई ने कहा कि यह सूचकांक बैंकों की निगरानी और जांच के लिए एक अहम आधार प्रदान करता है।

भाषा प्रेम

प्रेम रमण

रमण


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