जयपुर में अगले महीने से शुरू हो सकती है ‘भारत टैक्सी’ सेवा

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जयपुर में अगले महीने से शुरू हो सकती है 'भारत टैक्सी' सेवा

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  • Publish Date - May 21, 2026 / 02:49 PM IST,
    Updated On - May 21, 2026 / 02:49 PM IST

जयपुर, 21 मई (भाषा) सहकारी मॉडल पर आधारित देश की पहली कैब सेवा ‘भारत टैक्सी’ के अगले महीने जयपुर में शुरू होने की संभावना है। अधिकारियों का कहना है कि प्रस्तावित टैक्सी सेवा लोगों को किफायती और सुरक्षित परिवहन का विकल्प उपलब्ध कराएगी।

इस सेवा को लेकर बुधवार को यहां भारत टैक्सी संवाद कार्यक्रम हुआ। इसमें राज्य के सहकारिता राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम कुमार दक ने इस सेवा को लेकर सारथियों (चालकों) को संबोधित किया।

उन्होंने कहा कि सहकारी मॉडल पर आधारित भारत की पहली टैक्सी सेवा ‘भारत टैक्सी’ आमजन को किफायती और सुरक्षित परिवहन का विकल्प उपलब्ध कराएगी। साथ ही यह, ‘सहकार से समृद्धि’ की संकल्पना को साकार करते हुए सारथियों (चालकों) की आर्थिक उन्नति का आधार भी बनेगी।

उन्होंने कहा कि दिल्ली, लखनऊ, मुंबई और चंडीगढ़ के बाद अब जयपुर सहित अन्य शहरों में शीघ्र भारत टैक्सी सेवा शुरू होने जा रही है। जयपुर में जून माह के प्रथम सप्ताह में इस सेवा की शुरूआत प्रस्तावित है।

उन्होंने कहा कि भारत टैक्सी एक ऐसी अनूठी सेवा है, जिसमें मालिक कोई बाहरी व्यक्ति या कंपनी नहीं होकर स्वयं टैक्सी चलाने वाले सारथी हैं। यह सेवा स्वामित्व, सुरक्षा कवच, सम्मान और लाभांश का समान वितरण के चार मूल विचारों पर आधारित है। इसमें टैक्सी चलाने वाला सारथी ही कंपनी का वास्तविक मालिक होगा।

दक ने कहा कि ‘भारत टैक्सी’ में किसी भी सारथी का खाता बिना सुनवाई के बंद नहीं किया जाएगा। भारत टैक्सी से सारथियों को छुपे हुए शुल्कों (हिडन चार्जेज) से भी मुक्ति मिलेगी। सारथियों को विकल्प उपलब्ध होने से निजी कंपनियों की मनमानी पर अंकुश लगेगा। इस प्रकार, सहकार टैक्सी सारथियों के जीवन, आत्मविश्वास और आर्थिक स्थिति में परिवर्तनकारी सिद्ध होगी।

सहकारिता मंत्री ने सारथियों से आह्वान किया कि वे अन्य चालकों को भी इसके फायदों की जानकारी देकर अधिक से अधिक संख्या में उन्हें भारत टैक्सी के साथ जोड़ने में अपनी भूमिका निभाएं।

आधिकारिक बयान के अनुसार, इस अवसर पर सारथियों ने अपने अनुभव एवं सुझाव साझा करते हुए कहा कि उन्हें भी ‘भारत टैक्सी’ की जयपुर में शुरुआत का इंतजार है।

भाषा पृथ्वी मनीषा अजय

अजय