चीन में कारखाना गतिविधियां मई में कमजोर पड़ीं, अर्थव्यवस्था को लेकर उठे सवाल

चीन में कारखाना गतिविधियां मई में कमजोर पड़ीं, अर्थव्यवस्था को लेकर उठे सवाल

चीन में कारखाना गतिविधियां मई में कमजोर पड़ीं, अर्थव्यवस्था को लेकर उठे सवाल
Modified Date: May 31, 2026 / 09:16 am IST
Published Date: May 31, 2026 9:16 am IST

बीजिंग, 31 मई (एपी) चीन में कारखाना गतिविधियां मई में लगभग स्थिर रहीं, जिससे यह सवाल उठने लगे हैं कि ईरान युद्ध और वैश्विक मांग पर पड़ रहे दबाव के बीच चीनी अर्थव्यवस्था आगे कितनी मजबूती दिखा पाएगी।

चीन के राष्ट्रीय सांख्यिकी ब्यूरो (एनबीएस) द्वारा जारी आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, मई में विनिर्माण क्रय प्रबंधक सूचकांक (पीएमआई) घटकर 50 पर आ गया, जो अप्रैल में 50.3 था। पीएमआई में 50 से ऊपर का स्तर गतिविधियों के विस्तार और 50 से नीचे का स्तर संकुचन का संकेत देता है।

मई में नए ऑर्डर का उप-सूचकांक अप्रैल के 50.6 से गिरकर 49.9 पर आ गया। उत्पादन सूचकांक भी मामूली नरमी के साथ 51.2 पर रहा, जबकि अप्रैल में यह 51.5 था। कच्चे माल के भंडार का सूचकांक भी घटकर 48.6 रह गया, जो अप्रैल में 49.3 था।

हालांकि, ईरान युद्ध के कारण वैश्विक ऊर्जा बाजार में उथल-पुथल मची हुई है और होर्मुज जलडमरूमध्य के बंद होने से तेल कीमतों में तेज उछाल आया है, लेकिन चीन पर इसका प्रभाव अपेक्षाकृत सीमित रहा है। विश्लेषकों का कहना है कि चीन के बड़े रणनीतिक तेल भंडार और ऊर्जा स्रोतों के विविधीकरण ने उसे इस संकट से काफी हद तक बचाए रखा है।

एचएसबीसी के मुख्य एशिया अर्थशास्त्री फ्रेडरिक न्यूमैन के अनुसार, एशिया के लिए ऊर्जा संकट अभी भी बड़ी चुनौती बना हुआ है, लेकिन मजबूत ऊर्जा सुरक्षा व्यवस्था के कारण चीन अपेक्षाकृत सुरक्षित स्थिति में है।

विश्लेषकों का मानना है कि चीन की अर्थव्यवस्था के लिए निर्यात अब भी प्रमुख सहारा बना हुआ है। अमेरिका को होने वाला निर्यात पिछले एक वर्ष में अधिकांश महीनों में कमजोर रहा है, लेकिन यूरोप और दक्षिण-पूर्व एशिया में मजबूत मांग के चलते कुल निर्यात प्रदर्शन बेहतर बना हुआ है।

एपी अजय अजय

अजय


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