अमेरिका-ईरान समझौते की उम्मीद से कच्चे तेल के वायदा भाव में एक प्रतिशत से अधिक की गिरावट

अमेरिका-ईरान समझौते की उम्मीद से कच्चे तेल के वायदा भाव में एक प्रतिशत से अधिक की गिरावट

अमेरिका-ईरान समझौते की उम्मीद से कच्चे तेल के वायदा भाव में एक प्रतिशत से अधिक की गिरावट
Modified Date: June 25, 2026 / 01:15 pm IST
Published Date: June 25, 2026 1:15 pm IST

नयी दिल्ली, 25 जून (भाषा) कच्चे तेल का वायदा भाव बृहस्पतिवार को 1.2 प्रतिशत टूटकर 6,589 रुपये प्रति बैरल पर आ गया। अमेरिका और ईरान के बीच संभावित समझौते की बेहतर होती संभावनाओं तथा प्रमुख निर्यात मार्गों से आपूर्ति बढ़ने के कारण वैश्विक आपूर्ति बाधित होने की आशंकाएं कम हुई हैं।

मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर लगातार चौथे कारोबारी सत्र में गिरावट जारी रखते हुए जुलाई में आपूर्ति वाले कच्चा तेल के अनुबंधों की कीमत 80 रुपये या 1.2 प्रतिशत टूटकर 6,589 रुपये प्रति बैरल हो गई। इसमें 5,847 लॉट का कारोबार हुआ।

एमसीएक्स पर अगस्त में आपूर्ति वाले अनुबंधों की कीमत 76 रुपये या 1.14 प्रतिशत की गिरावट के साथ 6,587 रुपये प्रति बैरल रह गई। इसमें 2,023 लॉट का कारोबार हुआ।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का रुख बना रहा।

आईसीई एक्सचेंज पर अगस्त में आपूर्ति वाले ब्रेंट कच्चा तेल का वायदा भाव 1.55 प्रतिशत की गिरावट के साथ 72.60 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया।

वहीं न्यूयॉर्क मर्केंटाइल एक्सचेंज (एनवाईएमईएक्स) पर वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (डब्ल्यूटीआई) कच्चा तेल 1.25 प्रतिशत टूटकर 69.46 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था।

विश्लेषकों के अनुसार, अमेरिका-ईरान समझौते की बढ़ती उम्मीदों और होर्मुज जलडमरूमध्य से तेल आपूर्ति सामान्य होने के संकेतों ने वैश्विक बाजार में आपूर्ति संबंधी चिंताओं को कम किया है, जिससे कच्चे तेल की कीमतों में नरमी आई है।

भाषा निहारिका

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