बर्लिन, 26 फरवरी (एपी) सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) क्षेत्र के कुशल कामगारों की कमी का सामना कर रहे जर्मनी के चांसलर ओलाफ शोल्ज ने रविवार को कहा कि उनकी सरकार भारत के आईटी पेशेवरों के लिए कामकाजी वीजा लेने की प्रक्रिया आसान बनाना चाहती है।
भारत दौरे पर पहुंचे शोल्ज ने बेंगलुरु में संवाददाताओं से कहा कि कानूनी ढांचे में इस साल ऐसा सुधार लाना उनकी सरकार की प्राथमिकता है कि जर्मनी सॉफ्टवेयर डेवलपर और आईटी क्षेत्र के कुशल कामगारों को आकर्षित कर सके।
शोल्ज ने कहा, “हम कामकाजी वीजा जारी करने की प्रक्रिया सरल करना चाहते हैं। कानूनी प्रक्रिया के अलावा हम पूरी प्रशासनिक प्रक्रिया को भी आधुनिक रूप देना चाहते हैं।”
जर्मनी में कामकाज के लिए पहुंचने पर विदेशी कामगारों को होने वाली भाषा संबंधी समस्या पर उन्होंने कहा कि इसमें कोई परेशानी नहीं होनी चाहिए। जब लोग जर्मनी पहुंचते हैं तो वे अंग्रेजी बोलते हैं और फिर धीरे-धीरे जर्मन भाषा को अपना लेते हैं।
शोल्ज ने भारत दौरे के पहले दिन शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ प्रमुख कंपनियों के शीर्ष अधिकारियों से मुलाकात की थी।
भाषा अनुराग प्रेम
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