नयी दिल्ली, 11 मार्च (भाषा) भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) समर्थित ‘राजमार्ग इन्फ्रा इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट’ (आरआईआईटी) के आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) को बोली खुलने के पहले दिन बुधवार को 16 प्रतिशत अभिदान मिला।
एनएसई के आंकड़ों के मुताबिक, 6,000 करोड़ रुपये के इस आईपीओ को 21,33,33,150 यूनिट के मुकाबले 3,39,46,950 यूनिट के लिए बोलियां प्राप्त हुईं।
संस्थागत निवेशकों की श्रेणी में 20 प्रतिशत अभिदान मिला, जबकि अन्य निवेशकों के खंड को 11 प्रतिशत अभिदान मिला है।
राजमार्ग इन्फ्रा इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट (आरईआईटी) ने मंगलवार को प्रमुख निवेशकों से 1,728 करोड़ रुपये जुटाए थे। इनमें एलआईसी, आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस, कोटक महिंद्रा लाइफ इंश्योरेंस और बजाज लाइफ इंश्योरेंस शामिल हैं।
इस बुनियादी ढांचा निवेश ट्रस्ट (इनविट) के आईपीओ के लिए 99-100 रुपये प्रति यूनिट का मूल्य दायरा तय किया गया है। यह निर्गम 13 मार्च को बंद होगा।
यह पहल राष्ट्रीय राजमार्ग बुनियादी ढांचे के विस्तार में सार्वजनिक भागीदारी को बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
इस सार्वजनिक निवेश ट्रस्ट का उद्देश्य राष्ट्रीय राजमार्ग संपत्तियों से राजस्व जुटाने की संभावनाओं को खोलना है, साथ ही छोटे और घरेलू निवेशकों के लिए एक उच्च गुणवत्ता वाला लंबी अवधि का निवेश माध्यम तैयार करना है।
निर्गम के मसौदा प्रस्ताव के मुताबिक, राजमार्ग इन्फ्रा इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट के आईपीओ का कुल आकार 6,000 करोड़ रुपये तक है।
इस निवेश ट्रस्ट (इनविट) के शुरुआती परियोजना समूह में झारखंड, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु और कर्नाटक की पांच टोल संग्रह सड़कें शामिल हैं। ये पांच टोल सड़कें 260 किलोमीटर से अधिक लंबी हैं और ‘स्वर्ण चतुर्भुज’ परियोजना का हिस्सा हैं।
भाषा
सुमित प्रेम
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