भारत-यूएई व्यापार समझौते से द्विपक्षीय व्यापार 100 अरब डॉलर के पार: गोयल

भारत-यूएई व्यापार समझौते से द्विपक्षीय व्यापार 100 अरब डॉलर के पार: गोयल

भारत-यूएई व्यापार समझौते से द्विपक्षीय व्यापार 100 अरब डॉलर के पार: गोयल
Modified Date: May 1, 2026 / 08:18 pm IST
Published Date: May 1, 2026 8:18 pm IST

नयी दिल्ली, एक मई (भाषा) वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने शुक्रवार को कहा कि भारत और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के बीच मई 2022 में लागू मुक्त व्यापार समझौते (सीईपीए) के बाद द्विपक्षीय व्यापार 100 अरब डॉलर के पार पहुंच गया है।

गोयल ने सोशल मीडिया मंच पर लिखा कि यूएई के साथ व्यापक आर्थिक भागीदारी समझौता (सीईपीए) अफ्रीका, खाड़ी सहयोग परिषद (जीसीसी) देशों, पश्चिम एशियाई देशों, स्वतंत्र देशों का राष्ट्रकुल (सीआईएस) देशों तथा कुछ यूरोपीय देशों के लिए प्रवेश द्वार का काम करता है।

उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच वस्तु व्यापार में मजबूत वृद्धि हुई है और यह 100 अरब डॉलर के पार पहुंच गया है। साथ ही सेवाओं का व्यापार भी लगातार बढ़ रहा है, जिससे नए बाजार खुल रहे हैं और अधिक मूल्य सृजित हो रहा है।

भारत और यूएई के बीच द्विपक्षीय व्यापार वित्त वर्ष 2025-26 में बढ़कर 101.25 अरब डॉलर हो गया, जो 2024-25 में 100.03 अरब डॉलर था।

उन्होंने कहा कि रत्न एवं आभूषण, इंजीनियरिंग उत्पाद, इलेक्ट्रॉनिक्स और कृषि जैसे प्रमुख क्षेत्रों में व्यापार का विस्तार हुआ है।

इस बीच, भारत और ब्रिटेन ने भी द्विपक्षीय व्यापार और निवेश को बढ़ाने तथा व्यापक आर्थिक और व्यापार समझौते (सीईटीए) के तहत अवसरों का लाभ उठाने के उपायों पर चर्चा की।

यह चर्चा वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल और ब्रिटेन के वाणिज्य एवं व्यापार मंत्री पीटर काइल के बीच ऑनलाइन बैठक में हुई।

गोयल ने कहा, “हमने भारत-ब्रिटेन व्यापक आर्थिक और व्यापार समझौते (सीईटीए) के तहत उपलब्ध अवसरों का पूरा लाभ उठाते हुए व्यापार और निवेश संबंधों को और मजबूत करने के तरीकों पर विचार किया।”

भारत और ब्रिटेन ने 24 जुलाई, 2025 को सीईटीए पर हस्ताक्षर किए थे, जिसके तहत भारत के 99 प्रतिशत निर्यात ब्रिटेन के बाजार में शून्य शुल्क पर प्रवेश करेंगे, जबकि कार और व्हिस्की जैसे ब्रिटेन के उत्पादों पर भारत में शुल्क कम किए जाएंगे।

भाषा योगेश रमण

रमण


लेखक के बारे में