LPG Cylinder Price: कम हो सकती है LPG सिलेंडर की कीमत! SMS अलर्ट के लिए बैंक को देने होंगे ज्यादा पैसे, अगस्त से बदल जाएंगे कई नियम

कम हो सकती है LPG सिलेंडर की कीमत! SMS अलर्ट के लिए बैंक को देने होंगे ज्यादा पैसे, LPG Cylinder Price Change on 1st August 2026

LPG Cylinder Price: कम हो सकती है LPG सिलेंडर की कीमत! SMS अलर्ट के लिए बैंक को देने होंगे ज्यादा पैसे, अगस्त से बदल जाएंगे कई नियम

(LPG Gas Transfer Rules/ Image Credit: ANI News)

Modified Date: July 27, 2026 / 06:53 pm IST
Published Date: July 27, 2026 6:52 pm IST

नई दिल्लीः LPG Cylinder Price: साल 2026 का सातवां महीना जुलाई को खत्म होने को है। अब से कुछ ही दिन बाद नया महीना अगस्त शुरू हो जाएगा। नए महीने की शुरुआत के साथ ही कुछ नए सरकारी नियमों भी लागू हो जाएंगे, जो आम आदमी की जेब पर सीधा असर डालेगा। गैस सिलेंडर के दामों में बढ़ोतरी हो सकती है। लोन की EMI को लेकर भी फैसला अगस्त में होने की संभावना है। चलिए समझते हैं कि एक अगस्त से क्या-क्या बदलाव हो सकता है:-

LPG Cylinder Price: दरअसल, हर महीने की पहली तारीख को देश में तेल कंपनियां एलपीजी गैस सिलेंडर की कीमतों की समीक्षा करती हैं। ऐसे में ये संभावना बनी हुई है कि तेल कंपनियां देश में तेल और LPG की कीमतों में बदलाव कर सकती है। बता दें कि अमेरिका-ईरान तनाव भारत सहित कई देशों में कच्चे तेल और गैस की किल्लत देखने को मिली थी। युद्ध के हालात को देखते हुए गैस की कीमतों पर दबाव बना हुआ था, लेकिन अब चूंकि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हालात थोड़े सामान्य हो रहे हैं। ऐसे में अब देशवासी राहत की उम्मीद में बैठे हुए है। माना जा रहा है कि पेट्रोलियम पदार्थों की कीमत कम हो सकती है।

लोन की EMI घटेगी या बढ़ेगा बोझ? (LPG Cylinder Price)

आम आदमी से लेकर कॉरपोरेट जगत की नजर तीन से पांच अगस्त के बीच होने वाली रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति (MPC) की बैठक पर टिकी हुई है। इस बैठक में रेपो रेट पर भी चर्चा होने की संभावना है। चूंकि इसका सीधा असर होम लोन, कार लोन और पर्सनल लोन की EMI पर पड़ता है। इसके अलावा फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) पर मिलने वाले ब्याज में भी बदलाव देखने को मिल सकता है।

ITR और शेयर बाजार से जुड़े महत्वपूर्ण अपडेट

नौकरीपेशा लोगों के लिए ITR फाइल करने की समयसीमा 31 जुलाई को खत्म हो चुकी है। अब देरी करने पर सालाना आय के हिसाब से 1000 रुपये से लेकर 5000 रुपये तक का जुर्माना देना होगा। वहीं छोटे कारोबारियों, फ्रीलांसर्स तथा सेल्फ-एम्प्लॉयड प्रोफेशनल्स (ITR-3, ITR-4 और सेक्शन 44AD/44ADA के तहत आने वाले) के लिए रिटर्न दाखिल करने की आखिरी तारीख 31 अगस्त है। अगर वे इस समयसीमा से चूकते हैं, तो उन्हें धारा 234F के तहत लेट फीस तथा बकाया टैक्स पर भारी ब्याज चुकाना पड़ेगा। शेयर बाजार की बात करें तो 1 अगस्त से बाजार नियामक सेबी (SEBI) स्टॉक एक्सचेंज के जरिए ओपन मार्केट शेयर बायबैक का रास्ता फिर से खोल रहा है। इसकी अधिकतम सीमा कंपनी की पेड-अप कैपिटल तथा फ्री रिजर्व के 15 फीसदी तक तय की गई है। इसके अलावा 12 अगस्त को MSCI ग्लोबल इंडेक्स की तिमाही समीक्षा भी होनी है, जिसका असर भारतीय शेयरों पर विदेशी निवेशकों के नजरिए पर पड़ेगा।

बैंकिंग और GST नियमों में भी होंगे बदलाव

कारोबारियों के लिए गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (GST) नेटवर्क 1 अगस्त 2026 से ई-वे बिल के नियमों को सख्त कर रहा है। अब सिस्टम के जरिए होने वाले ‘बिल-टू/शिप-टू’ ट्रांजैक्शन में ‘शिप-टू’ वाले हिस्से का GSTIN देना अनिवार्य होगा। सबसे अहम बात यह है कि एक बार चालान (IRN) जनरेट होने के बाद इसमें कोई बदलाव नहीं किया जा सकेगा।इस महीने से बैंकों के सर्विस चार्ज भी महंगे हो सकते हैं। उदाहरण के तौर पर, उज्जीवन स्मॉल फाइनेंस बैंक ने ग्राहकों को भेजे जाने वाले SMS अलर्ट के लिए 30 पैसे प्रति एसएमएस चार्ज लगाने का ऐलान किया है। इसलिए ग्राहकों को अपने बैंकों के डेबिट कार्ड फीस समेत अन्य शुल्कों की जानकारी पहले ही ले लेनी चाहिए।

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लेखक के बारे में

सवाल आपका है.. पत्रकारिता के माध्यम से जनसरोकारों और आप से जुड़े मुद्दों को सीधे सरकार के संज्ञान में लाना मेरा ध्येय है। विभिन्न मीडिया संस्थानों में 10 साल का अनुभव मुझे इस काम के लिए और प्रेरित करता है। कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय से इलेक्ट्रानिक मीडिया और भाषा विज्ञान में ली हुई स्नातकोत्तर की दोनों डिग्रियां अपने कर्तव्य पथ पर आगे बढ़ने के लिए गति देती है।