8th Pay Commission: 8वें वेतन आयोग के बीच डाक कर्मियों की बड़ी डिमांड! दुर्गा पूजा से पहले बोनस की मांग ने बढ़ाई हलचल

Ads

8th Pay Commission: ज्वाइंट काउंसिल ऑफ पोस्टल एम्प्लॉइज (JCPE) ने 26 सितंबर 2026 को डाक विभाग के सचिव को पत्र भेजा। इसमें 2025-26 का प्रोडक्टिविटी लिंक्ड बोनस (PLB) 17 अक्टूबर 2026 तक डाक कर्मचारियों को जारी करने की मांग की गई है।

  •  
  • Publish Date - September 29, 2026 / 03:05 PM IST,
    Updated On - September 29, 2026 / 03:07 PM IST

(8th Pay Commission/Image Credit: AI-generated)

HIGHLIGHTS
  • 17 अक्टूबर तक PLB देने की मांग
  • दुर्गा पूजा से पहले बोनस की अपील
  • बोनस कैलकुलेशन में बदलाव की मांग

नई दिल्ली: 8th Pay Commission: डाक विभाग में काम करने वाले केंद्र सरकार के कर्मचारियों ने वित्त वर्ष 2025-26 के प्रोडक्टिविटी लिंक्ड बोनस (PLB) का भुगतान जल्द करने की मांग की है। सात डाक कर्मचारी यूनियनों ने संगठन जॉइंट काउंसिल ऑफ पोस्टर एम्प्लॉइज (JCPE) ने 26 सितंबर को डाक विभाग के सचिव को पत्र भेजा। इसमें पात्र कर्मचारियों को 17 अक्टूबर 2026 तक बोनस देने का अनुरोध किया गया है। यूनियनों का कहना है कि दुर्गा पूजा और दशहरा जैसे त्योहारों से पहले बोनस मिलने से कर्मचारियों को परिवार के बढ़े हुए खर्चों में मदद मिलेगी। इसके अलावा कर्मचारी संगठन 8वें वेतन आयोग के तहत (8th Pay Commission) बोनस कैलकुलेशन की सीमा बढ़ाने की मांग की है।

त्योहारों से पहले पैसे की जरूरत

JCPE के मुताबिक, इस साल दुर्गा पूजा 17 अक्टूबर से शुरू हो रही है, जबकि दशहरा 21 अक्टूबर को मनाया जाएगा। इसके बाद 8 नवंबर को दिवाली का त्योहार है। त्योहारों (Durga Puja Bonus 2026) के दौरान कपड़े, यात्रा, घर की जरूरतों और अन्य खर्च बढ़ जाते हैं। ऐसे में कर्मचारी संगठनों का कहना है कि बोनस का भुगतान त्योहारों से पहले किया जाना चाहिए। इसी वजह से परिषद ने विभाग से 17 अक्टूबर तक PLB जारी करने की व्यवस्था करने की अपील की है।

बोनस की गणना में बदलाव की मांग

कर्मचारी संगठनों ने सिर्फ बोनस जल्द जारी करने की मांग नहीं की है, बल्कि इसकी गणना के नियमों में बदलाव की भी मांग उठाई है। श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के 25 अगस्त के नोटिफिकेशन के अनुसार, अगर किसी पात्र कर्मचारी का वेतन 7,000 रुपये महीने से अधिक है तो बोनस की गणना 7,000 रुपये या केंद्र सरकार द्वारा तय न्यूनतम मजदूरी, इनमें जो अधिक हो, उसके आधार पर की जाएगी। यह व्यवस्था 21 नवंबर 2025 से लागू मानी गई है।

7 हजार से 21 हजार करने की मांग

नेशनल काउंसिल-जॉइंट कंसल्टेटिव मशीनरी (NC-JCM) के स्टाफ पक्ष ने कैबिनेट सचिव को पत्र भेजकर बोनस कैलकुलेशन की सीमा (Postal Employees Bonus Calculation) बढ़ाने की मांग की है। संगठन चाहता है कि मौजूदा 7,000 रुपये की सीमा को बढ़ाकर 21,000 रुपये किया जाए। NC-JCM का तर्क है कि सरकार की संशोधित रूपरेखा में 21,000 रुपये की न्यूनतम मजदूरी का संदर्भ दिया गया है, इसलिए बोनस की सीमा भी उसी के अनुरूप होनी चाहिए। मांग स्वीकार होने पर बोनस की गणना का आधार बढ़ जाएगा और पात्र कर्मचारियों को मिलने वाली राशि पर इसका सीधा असर पड़ सकता है।

इन्हें भी पढ़ें:

डाक कर्मचारियों ने बोनस को लेकर क्या मांग की है?

डाक कर्मचारी यूनियनों ने 2025-26 का PLB 17 अक्टूबर 2026 तक जारी करने की मांग की है।

बोनस 17 अक्टूबर तक देने की मांग क्यों की गई है?

कर्मचारी संगठनों का कहना है कि दुर्गा पूजा और दशहरा से पहले बोनस मिलने से त्योहारों के खर्च में आर्थिक मदद मिलेगी।

बोनस की मौजूदा कैलकुलेशन सीमा कितनी है?

मौजूदा नियमों के अनुसार बोनस की गणना 7,000 रुपये या तय न्यूनतम मजदूरी, इनमें जो अधिक हो, उसके आधार पर की जानी है।

कर्मचारी संगठन बोनस की सीमा कितनी करना चाहते हैं?

NC-JCM ने बोनस कैलकुलेशन की सीमा 7,000 रुपये से बढ़ाकर 21,000 रुपये करने की मांग की है।