कोविड-19 के चलते महामंदी के बाद सबसे गहरी मंदी से जूझ रही है दुनिया: विश्व बैंक

कोविड-19 के चलते महामंदी के बाद सबसे गहरी मंदी से जूझ रही है दुनिया: विश्व बैंक

कोविड-19 के चलते महामंदी के बाद सबसे गहरी मंदी से जूझ रही है दुनिया: विश्व बैंक
Modified Date: November 29, 2022 / 08:34 pm IST
Published Date: October 15, 2020 9:45 am IST

वाशिंगटन, 15 अक्टूबर (भाषा) विश्व बैंक के अध्यक्ष डेविड मालपास ने कहा है कि कोरोना वायरस महामारी के चलते दुनिया 1930 के दशक की महामंदी के बाद से सबसे गहरी मंदी से जूझ रही है और उन्होंने कोविड-19 महामारी को कई विकासशील और सबसे गरीब देशों के लिए ‘‘भयावह घटना’’ बताया।

उन्होंने संवाददाताओं से कहा कि आर्थिक संकुचन की सीमा को देखते हुए कई देशों में ऋण संकट का खतरा बढ़ गया है।

उन्होंने अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष और विश्व बैंक की वार्षिक बैठक के मौके पर बुधवार को संवाददाताओं से कहा कि यहां बैठकों में इस मुद्दे पर बहुत अधिक ध्यान दिया गया है।

उन्होंने कहा, ‘‘मंदी बहुत गहरी है, महामंदी के बाद से सबसे बड़ी मंदी में एक है। और कई विकासशील देशों तथा सबसे गरीब देशों के लोगों के लिए ये वास्तव में अवसाद की एक भयावह घटना है।’’

उन्होंने कहा कि इस बैठक और कार्रवाई का केंद्र बिंदु इन देशों को राहत पहुंचाना है तथा विश्व बैंक इन देशों के लिए एक बड़ा वृद्धि कार्यक्रम तैयार कर रहा है।

एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि विश्व बैंक को लगता है कि इस समय ‘के’ आाकर का सुधार हो रहा है। ‘के’ आकार के सुधार का अर्थ मंदी के बाद दुनिया के विभिन्न हिस्सों में अगल-अगल दर से सुधार का होना है।

भाषा पाण्डेय

पाण्डेय


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