CG Dhan Kharidi Problem: धान खरीदी केंद्र में किसानों के साथ हो रहा ऐसा काम, समितियों में मचा हाहाकार… कृषि मंत्री ने अधिकारियों से कह दी ये बड़ी बात, देखें

CG Dhan Kharidi Problem: धान खरीदी केंद्र में किसानों के साथ हो रहा ऐसा काम, समितियों में मचा हाहाकार… कृषि मंत्री ने अधिकारियों से कह दी ये बड़ी बात, देखें

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  • Publish Date - January 2, 2026 / 04:35 PM IST,
    Updated On - January 2, 2026 / 04:43 PM IST

CG Dhan Kharidi Problem/Image Source: IBC24

HIGHLIGHTS
  • 5. टोकन से तौल तक संघर्ष
  • किसानों की बढ़ती परेशानी
  • मंत्री के निर्देश के बावजूद हालात खराब

सरगुजा: CG Dhan Kharidi Problem: सरगुजा संभाग में किसानों की समस्याएं कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। हालात ऐसे हैं कि पहले किसानों को टोकन के लिए परेशान होना पड़ रहा है, फिर धान बेचने के लिए भारी मशक्कत करनी पड़ रही है। स्थिति यह है कि समितियों से धान का उठाव नहीं होने के कारण धान खरीदी भी प्रभावित होने का खतरा मंडराने लगा है। एक तरफ किसान परेशान हैं, तो दूसरी ओर धान खरीदी करने वाला स्टाफ भी धान उठाव नहीं होने से समस्या से जूझ रहा है। वहीं कृषि मंत्री ने समस्या के समाधान के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया है।

72 घंटे का नियम, 20 दिन का इंतज़ार! (Surguja farmers problem)

CG Dhan Kharidi Problem: सरगुजा संभाग के अंतर्गत आने वाले जिलों में धान खरीदी जोर-शोर से चल रही है। समितियों में किसान धान बेचने पहुंच रहे हैं, मगर धान की ज्यादा आवक और समितियों से धान का उठाव नहीं हो पाने के कारण धान खरीदी और भंडारण को लेकर संकट खड़ा हो गया है। धान का उठाव 72 घंटे के भीतर करने के निर्देश दिए गए हैं, लेकिन समितियों में धान का उठाव 15 से 20 दिनों तक भी नहीं हो पा रहा है। आलम यह है कि संभागभर में करीब 50 लाख क्विंटल धान की खरीदी हो चुकी है, मगर उठाव करीब 5 लाख क्विंटल से भी कम हो पाया है, जो लगभग 9 प्रतिशत ही है। ऐसे में धान खरीदी से जुड़े लोग भी मान रहे हैं कि यदि जल्द उठाव नहीं हुआ, तो धान खरीदी बंद करनी पड़ सकती है। इधर किसानों को भी धान बेचने के लिए लंबा इंतजार करना पड़ रहा है।

धान का अंबार, उठाव नदारद… (Surguja paddy procurement)

CG Dhan Kharidi Problem: धान खरीदी को लेकर अब एक महीने से भी कम का समय बचा हुआ है। ऐसे में माना जा रहा है कि समितियों में धान की बंपर आवक होगी। यदि इस दौरान धान का उठाव सही समय पर नहीं होता है, तो किसानों के लिए बड़ी समस्या खड़ी हो सकती है। इस मामले को लेकर कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने भी अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। नेताम का कहना है कि किसानों को धान बेचने में किसी तरह की समस्या न हो, इसके निर्देश दिए गए हैं, और अगर कहीं लापरवाही पाई जाती है, तो कार्रवाई भी की जाएगी। बहरहाल, धान खरीदी में धान उठाव की भूमिका बेहद अहम होती है। ऐसे में धान का उठाव नहीं होने से बड़ी समस्या खड़ी हो रही है। अब देखना होगा कि उठाव में कब तक तेजी आती है, ताकि किसान बिना किसी परेशानी के अपना धान आसानी से बेच सकें।

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"सरगुजा" संभाग में धान खरीदी की समस्या क्या है?

सरगुजा संभाग में धान की भारी आवक के बावजूद समितियों से समय पर धान का उठाव नहीं हो पा रहा है, जिससे खरीदी और भंडारण दोनों प्रभावित होने का खतरा है।

"सरगुजा" में 72 घंटे के नियम के बावजूद धान उठाव में देरी क्यों हो रही है?

निर्देशों के अनुसार धान का उठाव 72 घंटे में होना चाहिए, लेकिन परिवहन और भंडारण व्यवस्था कमजोर होने के कारण 15 से 20 दिन तक धान का उठाव नहीं हो पा रहा है।

"सरगुजा" धान खरीदी संकट पर सरकार ने क्या कदम उठाए हैं?

कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि किसानों को धान बेचने में किसी भी तरह की परेशानी न हो और लापरवाही मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।