Sarva Aadivasi Samaj Balod Collectorate Gherao : बैरिकेड्स तोड़कर कलेक्टर परिसर में घुसे सैकड़ों आदिवासी! पुलिस की वाटर कैनन भी रही बेअसर, जानें किन मांगों को लेकर डाला डेरा

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बालोद में सर्व आदिवासी समाज के उग्र प्रदर्शन के दौरान सैकड़ों लोग बैरिकेड्स तोड़कर कलेक्टोरेट परिसर में घुस गए। हालात काबू करने के लिए पुलिस ने पानी की बौछार का इस्तेमाल किया, लेकिन प्रदर्शनकारी डटे रहे। बाद में प्रशासन के आश्वासन के बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ।

Sarva Aadivasi Samaj Balod Collectorate Gherao / Image Source ; screengrab

HIGHLIGHTS
  • सैकड़ों प्रदर्शनकारियों ने तोड़ा सुरक्षा घेरा, कलेक्टोरेट परिसर में पहुंचे
  • पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच हुई झड़प, पानी की बौछार का इस्तेमाल
  • मांगों पर कार्रवाई के आश्वासन के बाद सौंपा ज्ञापन, समाप्त हुआ प्रदर्शन 📝 Short Excerpt

बालोद :  Aadivasi Samaj Balod Collectorate Gheraoछत्तीसगढ़ के बालोद जिला मुख्यालय में सोमवार को सर्व आदिवासी समाज ने अपनी विभिन्न मांगों और जामड़ी पाटेश्वर धाम के विरोध में कलेक्टोरेट का उग्र घेराव किया। वनांचल क्षेत्र से आए सैकड़ों की तादाद में समाज के लोग सुरक्षा घेरे को ध्वस्त करते हुए सीधे कलेक्टर परिसर के भीतर दाखिल हो गए। इस दौरान प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस को भारी मशक्कत करनी पड़ी, जिससे कलेक्टोरेट परिसर में दिनभर गहमागहमी और तनाव का माहौल बना रहा।

पहले ही दी थी कलेक्टोरेट घेराव की चेतावनी

मिली जानकारी के अनुसार, सर्व आदिवासी समाज ने पहले ही कलेक्टोरेट घेराव की चेतावनी दी थी। सोमवार को जब सैकड़ों लोग प्रदर्शन के लिए पहुंचे, तो उन्हें रोकने के लिए पुलिस बल ने बैरिकेड्स लगाए थे। Baba Ram Balak Das Mahatyagi Protest लेकिन आक्रोशित आदिवासियों ने बैरिकेड्स तोड़ दिए और अंदर घुस गए। इस बीच उन्हें रोकने के प्रयास में पुलिस बल और प्रदर्शनकारियों के बीच जमकर झड़प हुई। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने फायर ब्रिगेड की मदद से पानी की तेज बौछार का भी इस्तेमाल किया, लेकिन पानी का प्रेशर भी उन्हें रोकने में विफल रहा।

Chhattisgarh Tribal Protest Balod क्या है आरोप ?

आदिवासी समाज के लोग जामड़ी पाटेश्वर धाम के संचालक बाबा राम बालक दास  महात्यागी के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए उनके विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग कर रहे थे। समाज के लोगों का आरोप है कि संचालक द्वाराग्राम तुएगोंदी के संरक्षित वन क्षेत्र में अवैध कब्जा किया गया है।आदिवासी समाज की धार्मिक और सांस्कृतिक आस्था के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। वन कानूनों का खुलेआम उल्लंघन किया जा रहा है और स्थानीय आदिवासियों को प्रताड़ित किया जा रहा है। इसके अलावा, ग्राम पंचायत में स्वीकृत कई निर्माण कार्यों को नियम विरुद्ध तरीके से जामड़ी पाटेश्वर धाम के भीतर कराया गया है।

ज्ञापन सौंपने के बाद समाप्त हुआ प्रदर्शन

कलेक्टर परिसर में चल रहे इस भारी हंगामे और गतिरोध को देखते हुए प्रशासनिक अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से मुलाकात की। अधिकारियों से विस्तृत चर्चा होने और उनकी मांगों पर उचित कार्रवाई का ठोस आश्वासन मिलने के बाद ही सर्व आदिवासी समाज के लोग शांत हुए। इसके बाद समाज के लोगों ने अपनी मांगों को लेकर अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा और देर शाम यह प्रदर्शन समाप्त हुआ।

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