CG Government Pay 25 Rs Per Packet to Farmer

किसानों को प्रति बोरा 25 रुपए की दर से हो रहा भुगतान, अब तक जारी किए गए 6 हजार 361 करोड़ 28 लाख रुपए

किसानों को प्रति बोरा 25 रुपए की दर से हो रहा भुगतान, 6 हजार 361 करोड़ 28 लाख रुपए! CG Government Pay 25 Rs Per Packet to Farmer

: , December 24, 2021 / 08:38 PM IST

रायपुर: Pay 25 Rs Per Packet to Farmer राज्य में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के पहले दिन से ही किसानों को अपने बारदाने में उपार्जन केन्द्रों में धान लाकर विक्रय करने की छूट ने राज्य में धान खरीदी की प्रक्रिया को निर्वाध रूप से जारी रखने में बड़ी मदद की है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा बारदाने की कीमत को 18 रुपए से बढ़ाकर 25 रुपए प्रति नग किए जाने के निर्णय ने भी किसानों को उत्साहित किया है। किसानों द्वारा धान उपार्जन के लिए अब तक 2 करोड़ 55 लाख नग बारदाने धान खरीदी के लिए केन्द्रों को उपलब्ध कराए गए हैं, जिसका 25 रुपए प्रति नग के मान से कुल राशि 6 हजार 361 करोड़ 28 लाख रुपए है। छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी विपणन संघ द्वारा उपार्जित धान के साथ-साथ किसानों को बारदाने की राशि के भुगतान के लिए यह राशि जारी की जा चुकी है। समितियों को, किसानों को बारदाने की राशि का भुगतान धान के भुगतान के साथ-साथ करने के निर्देश दिए गए हैं।

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Pay 25 Rs Per Packet to Farmer यहां यह उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ राज्य में छत्तीसगढ़ के किसानों से समर्थन मूल्य पर एक दिसम्बर से धान की खरीदी की जा रही है। राज्य में धान खरीदी के लिए 5.25 लाख गठान जूट बारदाने की आवश्यकता है, परंतु भारत सरकार एवं जूट कमिश्नर से राज्य की आवश्यक एवं मांग के अनुसार बारदाने की आपूर्ति न होने के कारण मुख्यमंत्री भूपेश बघेल किसानों से अपने बारदाने में धान लाकर बेचने की अनुमति दी और बारदाने का मूल्य 18 रुपए से बढ़ाकर 25 प्रति नग कर दिया। इसका सार्थक परिणाम यह है कि राज्य में किसानों द्वारा अब तक अपेक्षा के अनुरूप धान खरीदी के लिए बारदाने उपलब्ध कराए गए हैं।

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ज्ञातव्य है कि इस वर्ष 2021-22 में किसानों को धान विकय में सुगमता एवं सुविधा के लिए प्रदेश सरकार द्वारा प्राथमिक सहकारी में समितियों की संख्या में वृद्धि किये जाने के साथ-साथ उपार्जन केंद्रों की संख्या में वृद्धि किया गया है। जिससे छोटे एवं मंझोले किसानों को धान विक्रय करने में सुविधा हुई है। यहीं वजह है कि इस साल अब तक धान खरीदी की मात्रा में उल्लेखनीय वृद्धि देखी जा रही है।

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