Pakhanjur Ambulance News: एक ही एम्बुलेंस के भरोसे 400 से ज्यादा गांव! छत्तीसगढ़ के इस जिले में निःशुल्क एम्बुलेंस सिर्फ एक सपना.. मरीजों को हो रही परेशानी, अधिकारी भी बेबस

Pakhanjur Ambulance News: एक ही एम्बुलेंस के भरोसे 400 से ज्यादा गांव! छत्तीसगढ़ के इस जिले में निःशुल्क एम्बुलेंस सिर्फ एक सपना.. मरीजों को हो रही परेशानी, अधिकारी भी बेबस

Pakhanjur Ambulance News: एक ही एम्बुलेंस के भरोसे 400 से ज्यादा गांव! छत्तीसगढ़ के इस जिले में निःशुल्क एम्बुलेंस सिर्फ एक सपना.. मरीजों को हो रही परेशानी, अधिकारी भी बेबस

Pakhanjur Ambulance News/Image Source: IBC24

Modified Date: January 4, 2026 / 02:44 pm IST
Published Date: January 4, 2026 2:43 pm IST
HIGHLIGHTS
  • कोयलीबेडा में स्वास्थ्य सेवा का बुरा हाल
  • कोयलीबेडा में एम्बुलेंस का संकट
  • सिर्फ एक एम्बुलेंस के भरोसे डेढ़ लाख की जनसंख्या

पखांजूर: Pakhanjur Ambulance News: कोयलीबेडा ब्लॉक के अस्पतालों में इन दिनों संजीवनी एक्सप्रेस 108 की कमी सबसे बड़ी समस्या बनकर उभरी है। पिछले कई महीनों से इस क्षेत्र में केवल एक ही एम्बुलेंस 108 के भरोसे काम चलाया जा रहा है, जबकि ब्लॉक की जनसंख्या डेढ़ लाख से अधिक है, और यह क्षेत्र 400 से अधिक गांवों, सात प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, एक सिविल अस्पताल, एक सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और दर्जनों उपस्वास्थ्य केंद्रों का क्षेत्र है।

कोयलीबेडा में एम्बुलेंस का संकट (Pakhanjur ambulance shortage)

Pakhanjur Ambulance News: लगभग एक साल से एम्बुलेंस सेवा पूरी तरह से ठप पड़ी हुई है, और इसके बावजूद विभाग की तरफ से पर्याप्त एम्बुलेंस की व्यवस्था नहीं की जा सकी है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि जब सड़क दुर्घटना जैसी आपातकालीन स्थिति में 108 को कॉल किया जाता है तो या तो फोन रिसीव नहीं होता, या फिर एम्बुलेंस न होने की बात कही जाती है। ऐसे में लोग निजी वाहनों का सहारा लेते हैं, जिससे उन्हें अतिरिक्त खर्च का सामना करना पड़ता है। क्षेत्र के लोगों ने इस गंभीर समस्या पर कई बार एम्बुलेंस की मांग की है, लेकिन उच्च अधिकारियों की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।

एक एम्बुलेंस के भरोसे डेढ़ लाख की जनसंख्या (Pakhanjur 108 ambulance issue)

Pakhanjur Ambulance News: आए दिन सड़क दुर्घटनाएं होती रहती हैं लेकिन एम्बुलेंस जैसी आवश्यक सेवा लोगों तक नहीं पहुंच पाती है। BMO संजीव वैष्णव ने इस मुद्दे पर कहा कि हमारे पास केवल एक एम्बुलेंस 108 है और क्षेत्र काफी बड़ा है, इसलिए अधिक एम्बुलेंस की आवश्यकता है। मैंने उच्च अधिकारियों को इस समस्या की जानकारी दी है और वे भी मानते हैं कि यह एक गंभीर समस्या है।

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सामान्यतः पूछे जाने वाले प्रश्नः

लेखक के बारे में

टिकेश वर्मा- जमीनी पत्रकारिता का भरोसेमंद चेहरा... टिकेश वर्मा यानी अनुभवी और समर्पित पत्रकार.. जिनके पास मीडिया इंडस्ट्री में 12 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव हैं। राजनीति, जनसरोकार और आम लोगों से जुड़े मुद्दों पर बेबाकी से सरकार से सवाल पूछता हूं। पेशेवर पत्रकारिता के अलावा फिल्में देखना, क्रिकेट खेलना और किताबें पढ़ना मुझे बेहद पसंद है। सादा जीवन, उच्च विचार के मानकों पर खरा उतरते हुए अब आपकी बात प्राथिकता के साथ रखेंगे.. क्योंकि सवाल आपका है।