शह मात The Big Debate : कभी महतारी एक्सप्रेस तो कभी स्कूल.. छत्तीसगढ़ में अवैध शराब का चौतरफा खेल! आखिर कौन है इस सिंडिकेट का संरक्षक?

कभी महतारी एक्सप्रेस तो कभी स्कूल.. छत्तीसगढ़ में अवैध शराब का चौतरफा खेल! Latest CG News: Illegal Liquor Racket in Chhattisgarh

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  • Publish Date - September 30, 2025 / 11:43 PM IST,
    Updated On - October 1, 2025 / 12:07 AM IST

रायपुरः Latest CG News: बीतें 3 तीन दिन के भीतर छत्तीसगढ़ में एक एंबुलेंस और एक स्कूल से शराब तस्करी होते पकड़ी गई। हैरानी की बात ये कि दोनों जगह पड़ोसी राज्यों महाराष्ट्र और मध्यप्रदेश की शराब को छत्तीसगढ़ में लाया और खपाया जाना पाया गया। बीजेपी, बार-बार कांग्रेस को उसकी शराबबंदी के वादे पर, शराब घोटाले पर घेरती रही है। ये भी माना की शराबबंदी का वादा कांग्रेस का था, लेकिन क्या बच्चों का भविष्य गढ़ने वाले स्कूल और महिलाओं को मेडिकल सेवा देने वाली एंबुलेंस को शराब तस्करी का अड्डा बनाकर कौन है, जो सुशासन वाली सरकार की छवि पर कालिख मल रहा है। कौन है जो सिस्टम में रहकर शराब सिंडिकेट का संरक्षक बना हुआ है?

Latest CG News: छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले के सरगांव के बावली में एक प्राथमिक स्कूल के कमरे से मध्यप्रदेश में बनी 10 पेटी शराब और 30 लीटर रेक्टिफाइड स्पिरिट जब्त हुआ। जांच में पता चला कि एमपी की शराब खपाने के लिए मुंगेली के शासकीय स्कूलों को शराब तस्करी का अड्डा बना दिया गया। राजनांदगांव के छुरिया में पुलिस ने महतारी एक्सप्रेस से एक तस्कर को गिरफ्तार करते हुए 16 पेटी देशी शराब जब्त की। आरोपी इसे महाराष्ट्र के काकोड़ी से महतारी एक्सप्रेस में भरकर ला रहा था, जिसकी कीमत 53 हजार रुपए है। मामले पर विपक्ष ने सीधे-सीधे सरकार को सुशासन पर तंज कसते हुए कहा कि प्रदेश में अब पाठशालाएं बंदकर मधुशालाएं खोलने वाली सरकार है।

लोरमी में नौनिहालों का भविष्य बनाने वाले स्कूल शराब तस्करी का अड्डा बने हुए हैं तो दूसरी तरफ राजनांदगांव के छुरिया में महतारी एक्सप्रेस से 53 हजार कीमत की 16 पेटी देसी शराब जब्त की गई। आरोपी तस्कर महाराष्ट्र के काकोड़ी से महतारी एक्सप्रेस भरकर शराब लाते वक्त पकड़े गए। पूर्व विधायक छन्नी साहू ने मुद्दे पर मोर्चा खोलते हुए, समर्थकों के साथ थाने के बाहर धरना दिया। सियासी आरोपों से इतर मामला वाकई गंभीर है जिन स्कूलों की दशा सुधारने सरकारें करोड़ों खर्च कर रही हैं, वहां शराब तस्करी हो रही है। प्रसूताओं को समय पर अस्पताल पहुंचाने वाली एंबुलेंस में रखकर शराब तस्करी की जा रही है। कांग्रेस को शराब घोटाले पर कोसने वाली बीजेपी सरकार के सामने सवाल है कि क्या दावे के मुताबिक वाकई जमीन पर सुशासन है? आखिर स्कूल को तस्करी का अड्डा और एंबुलेंस को शराब परिवहन का जरिया बनाने की हिमाकत भला कैसे हो रही है?

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