Bijapur Portacabin Girl Pregnant: ‘घर से ही आना-जाना कर पढ़ाई करती थीं छात्राएं’ पोटा केबिन में छात्राओं के गर्भव​ती होने को लेकर शिक्षा मंत्री ने सदन में दिया जवाब

Bijapur Portacabin Girl Pregnant: 'घर से ही आना-जाना कर पढ़ाई करती थीं छात्राएं' पोटा केबिन में छात्राओं के गर्भव​ती होने को लेकर शिक्षा मंत्री ने सदन में दिया जवाब

Bijapur Portacabin Girl Pregnant: ‘घर से ही आना-जाना कर पढ़ाई करती थीं छात्राएं’ पोटा केबिन में छात्राओं के गर्भव​ती होने को लेकर शिक्षा मंत्री ने सदन में दिया जवाब

Bijapur Portacabin Girl Pregnant: 'घर से ही आना-जाना कर पढ़ाई करती थीं छात्राएं' पोटा केबिन में छात्राओं के गर्भव​ती होने को लेकर शिक्षा मंत्री ने सदन में दिया जवाब / Image: IBC24 Customized

Modified Date: March 16, 2026 / 01:40 pm IST
Published Date: March 16, 2026 1:19 pm IST
HIGHLIGHTS
  • पोटा केबिन छात्रावास की तीन छात्राएं गर्भवती पाई गई
  • शिक्षा मंत्री के जवाब से असंतुष्ट होकर विपक्षी विधायकों ने सदन से वॉकआउट कर दिया
  • छात्रावास की अधीक्षिका ने घटना की जानकारी होने से इनकार किया

रायपुर: Bijapur Portacabin Girl Pregnant छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र का 11वां दिन हंगामेदार रहा। विपक्ष ने आज बीजापुर में पोटा केबिन में पढ़ने वाली तीन छात्राओं के गर्भवती होने के मामले को लेकर सदन में सरकार को घेरने की कोशिश की, जिसके जवाब में सरकार की ओर से शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने जवाब दिया। सरकार के जवाब से असंतुष्ट विपक्ष के विधायकों ने हंगामा कर दिया और सदन से वॉकआउट कर लिया। इस दौरान विपक्षी सदस्यों ने सदन में जमकर नारेबाजी की।

शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने सदन में दिया जवाब

Bijapur Portacabin Girl Pregnant दरअसल पोटा केबिन की छात्राओं के प्रेग्नेंट होने के सवाल पर शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने जवाब प्रस्तुत करते हुए कहा कि तीनों छात्राएं पिछले साल दिवाली में घर गई थी, तब से घर से ही आना-जाना कर पढ़ाई करती थीं। गजेंद्र यादव के इस जवाब को सुनकर विपक्षी नेताओं ने हंगामा कर दिया और सदन से वॉकआउट कर दिया।

पोटा केबिन की तीन छात्राएं प्रेग्नेंट

दरअसल गंगालूर स्थित पोटा केबिन छात्रावास की तीन छात्राएं गर्भवती पाई गई हैं। जानकारी के अनुसार इन छात्राओं का गर्भ करीब पांच महीने का बताया जा रहा है। सामने आई जानकारी के मुताबिक गर्भवती छात्राओं में से दो नाबालिग भी हैं। इस घटना के सामने आने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है और पूरे मामले को लेकर कई तरह के सवाल खड़े हो रहे हैं।

स्वास्थ्य विभाग ने बनाय गर्भवती कार्ड

बताया जा रहा है कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से इन छात्राओं के लिए गर्भवती कार्ड भी बनाया गया है। इससे यह संकेत मिलता है कि स्वास्थ्य विभाग को इस स्थिति की जानकारी थी और उनके स्वास्थ्य से जुड़ी प्रक्रिया शुरू कर दी गई थी। हालांकि मामला सामने आने के बाद छात्रावास की अधीक्षिका ने कहा है कि उन्हें इस बारे में कोई जानकारी नहीं थी। अधीक्षिका के इस बयान के बाद पूरे मामले को लेकर और भी सवाल उठने लगे हैं।

विपक्ष को मिला एक और मुद्दा

गंगालूर पोटा केबिन छात्रावास में पढ़ने वाली छात्राओं के गर्भवती होने की घटना ने शिक्षा विभाग की निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। वहीं, अफीम की खेती के मामले के बाद अब विपक्ष के पास एक और ऐसा मुद्दा आ गया जिसमें वो सरकार को घेरने की पूरी तैयारी में है। अब देखने वाली बात ये होगी कि सरकार इस मामले से कैस निपटती है।

ये भी पढ़ें


सामान्यतः पूछे जाने वाले प्रश्नः

लेखक के बारे में

"दीपक दिल्लीवार, एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया इंडस्ट्री में करीब 10 साल का एक्सपीरिएंस है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत एक ऑनलाइन समाचार वेबसाइट से की थी, जहां उन्होंने राजनीति, खेल, ऑटो, मनोरंजन टेक और बिजनेस समेत कई सेक्शन में काम किया। इन्हें राजनीति, खेल, मनोरंजगन, टेक्नोलॉजी, ऑटोमोबाइल और बिजनेस से जुड़ी काफी न्यूज लिखना, पढ़ना काफी पसंद है। इन्होंने इन सभी सेक्शन को बड़े पैमाने पर कवर किया है और पाठकों लिए बेहद शानदार रिपोर्ट पेश की है। दीपक दिल्लीवार, पिछले 5 साल से IBC24 न्यूज पोर्टल पर लीडर के तौर पर काम कर रहे हैं। इन्हें अपनी डेडिकेशन और अलर्टनेस के लिए जाना जाता है। इसी की वजह से वो पाठकों के लिए विश्वसनीय जानकारी के सोर्स बने हुए हैं। वो, निष्पक्ष, एनालिसिस बेस्ड और मजेदार समीक्षा देते हैं, जिससे इनकी फॉलोवर की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। काम के इतर बात करें, तो दीपक दिल्लीवार को खाली वक्त में फिल्में, क्रिकेट खेलने और किताब पढ़ने में मजा आता है। वो हेल्दी वर्क लाइफ बैलेंस करने में यकीन रखते हैं।"