CG Samvida Karmchari Niyamitikaran News: नियमितीकरण की राह देख रहे छत्तीसगढ़ के संविदा कर्मचारियों के लिए आई बड़ी खुशखबरी, सीएम साय से मुलाकात के बाद भारतीय मजदूर संघ ने दी अहम जानकारी

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CG Samvida Karmchari Niyamitikaran News: नियमितीकरण की राह देख रहे छत्तीसगढ़ के संविदा कर्मचारियों के लिए आई बड़ी खुशखबरी, सीएम साय से मुलाकात के बाद भारतीय मजदूर संघ ने दी अहम जानकारी

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  • Publish Date - July 24, 2026 / 09:58 AM IST,
    Updated On - July 24, 2026 / 09:58 AM IST

CG Samvida Karmchari Niyamitikaran News: नियमितीकरण की राह देख रहे छत्तीसगढ़ के संविदा कर्मचारियों के लिए आई बड़ी खुशखबरी, सीएम साय से मुलाकात के बाद भारतीय मजदूर संघ ने दी अहम जानकारी / Image: AI Generated

HIGHLIGHTS
  • भारतीय मजदूर संघ के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से मुलाकात की
  • प्रदेश के करीब 3 लाख कर्मचारी-अधिकारियों की मांगों पर हुई चर्चा
  • संविदा कर्मचारियों के नियमितीकरण सहित विभिन्न मांगों पर सकारात्मक विचार

रायपुर: CG Samvida Karmchari Niyamitikaran News सरकारी दफ्तरों में काम करने वाले संविदा कर्मचारी अपने नियमितीकरण को लेकर हमेशा चिंतित रहते हैं। भले ही वो सरकारी दफ्तरों में काम करते हैं, लेकिन सरकारी कर्मचारियों के मुकाबले उन्हें सीमित सुविधाएं ही प्रदान की जाती है। लेकिन अब छत्तीसगढ़ के संविदा कर्मचारियों की चिंता खत्म होने वाली है। दरअसल भारतीय मजदूर संघ के प्रतिनिधियों ने हाल ही में सीएम साय से मुलाकात कर प्रदेश के तीन लाख कर्मचारियों- अधिकारियों की समस्याओं को लेकर चर्चा कर निर्णय लेने का अनुरोध किया। भारतीय मजदूर संघ की मांगों पर सीएम साय ने कर्मचारियों की समस्याओं पर विचार कर फैसला लेने का अश्वासन दिया है।

मजदूर संघ ने सीएम साय से की मुलाकात

CG Samvida Karmchari Niyamitikaran News भारतीय मजदूर संघ ने अपने अधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर सीएम साय से मुलाकात की जानकारी देते हुए लिखा है कि ”भारतीय मजदूर संघ के मध्य क्षेत्र प्रभारी सीवी राजेश के नेतृत्व में एक प्रतिनिधि मंडल ने सीएम विष्णु देव साय से मुलाकात कर प्रदेश के तीन लाख कर्मचारियों अधिकारियों की समस्याओं को लेकर गंभीरता से चर्चा कर निर्णय लेने का अनुरोध किया। उन्होंने बताया कि इस दौरान सीएम साय ने सभी विभागों से बिंदुवार मांगपत्र प्रेषित करने को कहा और सकारात्मक चर्चा कर निर्णय लेने का भरोसा दिलाया।

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता- सहायिकाओं के लिए खुशखबरी

भारतीय मजदूर संघ ने बताया कि इस दौरान सीएम साय ने बिजली विभाग के कर्मचारियों और अधिकारियों के पुरानी पेंशन योजना को पुन: लागू करने पर चर्चा के लिए उर्जा विभाग के मुख्य सचिव को समय निर्धारित करने का निर्देश दिया। साथ ही आंगनबाड़ी कार्यकर्ता- सहायिकाओं मितानिन मध्यान्ह भोजन, रसोइया कर्मचारी, निर्माणी मजदूरों के संबंध में अटेस्टेड करने के लिए केंद्रीय कर्मचारी संगठनों को पुन शक्ति प्रदान करने का अश्वासन भी दिया है।

 

संविदा कर्मचारियों की भी होने वाली है बल्ले-बल्ले

वहीं, सीएम साय ने स्वायत्तशासी नगर निगम में कार्यरत सफाई कर्मचारी, सुरक्षा कर्मियों, अग्निशमन कर्मचारियों का मानदेय बढ़ाने, संविदा कर्मचारियों को नियमित करने एवं अन्य कर्मचारियों की मुख्य मांगों की भेजने का निर्देश दिया। सीएम साय ने कहा कि सभी विभागों के कर्मचारियों की समस्यां सूचीबद्ध तरीके से आने के बाद भारतीय मजदूर संघ के साथ बैठक कर समाधान निकालने का भी अश्वासन दिया।

नियमितीकरण का इंतजार कर रहे संविदा कर्मचारी

बता दें कि छत्तीसगढ़ के अलग-अलग विभागों में कार्यरत संविदा कर्मचारी लंबे समय से नियमितीकरण की मांग कर रहे हैं। अपनी मांग को लेकर कई बार संविदा कर्मचारियों ने प्रदर्शन भी किया है। हालांकि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में इन्हें नियमित किए जाने की घोषणा की गई थी, लेकिन पांच साल बीत जाने के बाद भी कर्मचारियों के हाथ खाली रहे। ऐसे में अब संविदा कर्मचारियों को साय सरकार से उम्मीद है कि उनकी मांगों को मुहर लग जाए।

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क्या छत्तीसगढ़ में संविदा कर्मचारियों का नियमितीकरण हो गया है?

नहीं। अभी नियमितीकरण की घोषणा नहीं हुई है। मुख्यमंत्री ने मांगों पर विचार करने और विभागों से प्रस्ताव मंगाने का आश्वासन दिया है।

मुख्यमंत्री से किस संगठन ने मुलाकात की?

भारतीय मजदूर संघ (BMS) के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से मुलाकात की।

बैठक में किन मुद्दों पर चर्चा हुई?

संविदा कर्मचारियों के नियमितीकरण, मानदेय वृद्धि, पुरानी पेंशन योजना और विभिन्न कर्मचारी वर्गों की मांगों पर चर्चा हुई।

किन कर्मचारियों को लाभ मिलने की उम्मीद है?

संविदा कर्मचारी, सफाई कर्मचारी, सुरक्षा कर्मी, अग्निशमन कर्मचारी, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिकाएं, मितानिन, मध्यान्ह भोजन रसोइये और अन्य कर्मचारी वर्गों को लाभ मिलने की उम्मीद है।

क्या सरकार ने कोई अंतिम फैसला लिया है?

नहीं। फिलहाल सरकार ने केवल मांगों पर सकारात्मक विचार करने और आगे बैठक कर समाधान निकालने का आश्वासन दिया है।