Raipur Protest Khamenei Death: अब रायपुर में शुरू हुआ ईरानी सुप्रीम लीडर के मौत’ का विरोध.. इस इलाके में लगे “हर घर से ख़ामेनेई निकलेगा” के नारें.. देखें वीडियो

Raipur Protest Khamenei Death: रायपुर में शिया समुदाय का अमेरिका-इजरायल के खिलाफ प्रदर्शन, खामेनेई की मौत पर नारेबाजी और विरोध मार्च।

Raipur Protest Khamenei Death: अब रायपुर में शुरू हुआ ईरानी सुप्रीम लीडर के मौत’ का विरोध.. इस इलाके में लगे “हर घर से ख़ामेनेई निकलेगा” के नारें.. देखें वीडियो

Raipur Protest Khamenei Death || Image- file images by China Daily HK

Modified Date: March 1, 2026 / 07:06 pm IST
Published Date: March 1, 2026 7:06 pm IST
HIGHLIGHTS
  • रायपुर में शिया समुदाय का प्रदर्शन
  • अमेरिका-इजरायल के खिलाफ नारेबाजी
  • खामेनेई मौत पर जताया विरोध

रायपुर: इजरायल-अमेरिका के संयुक्त हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह खामेनेई की दर्दनाक मौत हो गई है। खामेनेई की मौत के बाद ईरान भड़क उठा है, वहीं दुनियाभर में फैले मुस्लिमों के शिया समुदाय में इस हमले को लेकर अमेरिका और इजरायल के खिलाफ भारी गुस्सा देखा जा रहा है। (Raipur Protest Khamenei Death) भारत के अलग-अलग राज्यों में इन हमलों के विरोध में प्रदर्शन हो रहे हैं, तो पाकिस्तान में अमेरिकी दूतावास में घुसपैठ करने वाले 10 लोगों को मार गिराया गया है।

रायपुर में विरोध प्रदर्शन, लगे नारें

बात करें छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर की तो यहां भी मुस्लिम समुदाय के शिया वर्ग के लोग बड़े तादात में निवासरत है। लिहाजा अब उन समुदायों के बीच भी ख़ामेनेई के मौत के विरोध में सुर तेज होने लगे है। आज दोपहर शिया समुदाय के मुस्लिमों ने इजरायल और अमेरिका के विरोध में जमकर प्रदर्शन किया। इस शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान “तुम कितने ख़ामेनई मारोगे, हर घर से ख़ामेनई निकलेगा” जैसे नारे लगाए गये। इस दौरान विरोध स्वरुप प्रदर्शनकारियों ने इजरायली नेता नेतन्याहू और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तस्वीर भी सड़कों पर लगाया था।

कश्मीर में हिंसा की आशंका, सुरक्षा के कड़े इंतज़ाम

अमेरिकी-इजराइल के हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के विरोध में रविवार को कश्मीर के कई हिस्सों में प्रदर्शन शुरू हो गए। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि शिया बहुल इलाकों में सैकड़ों प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतर आए।

उन्होंने बताया कि प्रदर्शनकारियों ने शांतिपूर्वक सड़कों पर मार्च किया और अमेरिका तथा इजराइल विरोधी नारे लगाए। ईरान की सरकारी मीडिया ने रविवार सुबह पुष्टि की कि इजराइल और अमेरिका के हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता खामेनेई की मौत हो गई है।

लखनऊ में भी सड़कों पर उतरे शिया समुदाय के धर्मगुरु

रविवार को पुराने लखनऊ में बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए। उन्होंने उत्तर प्रदेश की राजधानी में अमेरिका और इज़राइल द्वारा किए गए संयुक्त सैन्य हमलों में ईरान के सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई की हत्या के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। प्रमुख शिया धर्मगुरु मौलाना यासूब अब्बास ने आज खामेनेई की हत्या को वैश्विक समुदाय के लिए “बहुत दुर्भाग्यपूर्ण” बताया।

शिया धर्मगुरु ने कहा, “यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है. दुनिया सोचती है कि खामेनेई को मारकर ईरान खत्म हो जाएगा। अमेरिका और इज़राइल को ईरान की ओर से करारा जवाब मिलेगा। आज रात 8.30 बजे लखनऊ के इमामबाड़े में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन और प्रदर्शन किए जाएंगे। ऑल इंडिया शिया पर्सनल लॉ बोर्ड ने तीन दिन के शोक की घोषणा की है, जिसमें हम सब काले कपड़े पहनेंगे और अपने घरों पर काले झंडे लगाएंगे।”

भारत सरकार भी विरोध में, बताया “अक्षम्य अपराध”

बता दें कि, ईरान 40 दिनों का सार्वजनिक शोक मना रहा है। इसकी जानकारी रॉयटर्स के हवाले से ईरानी सरकारी मीडिया ने दी। भारत में ईरान के दूतावास ने आज ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई की हत्या की कड़ी निंदा की और इस कार्रवाई को “अक्षम्य अपराध” बताया। दूतावास ने दुनिया भर की सरकारों से इस हत्या की निंदा करने की अपील की। उसने इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स का बयान भी साझा किया, जिसमें कुवैत में एक अमेरिकी पोत और नौसैनिक अड्डे के खिलाफ ईरान द्वारा की गई सैन्य कार्रवाई की जानकारी दी गई।

X पर एक पोस्ट में कहा गया, “भारत गणराज्य में इस्लामी गणराज्य ईरान का दूतावास, अमेरिका के शासन और इज़राइल के ज़ायोनी शासन द्वारा किए गए क्रूर और आपराधिक हमलों के बाद महामहिम आयतुल्लाह सैय्यद अली खामेनेई की शहादत पर गहरा शोक और दुख व्यक्त करता है। दूतावास हज़रत इमाम महदी (ईश्वर उनके पुनः प्रकट होने में तेजी लाए), मुस्लिम उम्माह, इस्लामी गणराज्य ईरान की महान जनता और दुनिया के सभी स्वतंत्रता-प्रेमी राष्ट्रों के प्रति हार्दिक संवेदना प्रकट करता है।”

आगे कहा गया, “भारत में इस्लामी गणराज्य ईरान का दूतावास दुनिया भर की स्वतंत्र और आज़ादी चाहने वाली सरकारों से इस खुले अपराध की कड़ी निंदा करने और कानूनहीनता और आक्रामकता के सामने चुप न रहने की अपील करता है।”

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