फाइनल ट्रायल में ट्रेन 18 ने पकड़ी 181 किमी की रफ्तार, पथराव से टूटा खिड़की का कांच
फाइनल ट्रायल में ट्रेन 18 ने पकड़ी 181 किमी की रफ्तार, पथराव से टूटा खिड़की का कांच
नई दिल्ली। फाइनल ट्रायल के लिए दिल्ली से निकली ट्रेन-18 पर गुरुवार को कुछ लोगों ने पथराव कर दिया। इससे ट्रेन की खिड़की पर लगे शीशे टूट गए। ट्रेन का फाइनल ट्रायल दिल्ली से आगरा के बीच हुई। यह भारत की सबसे तेज गति से चलने वाली ट्रेन है।
बताया जा रहा है कि ट्रेन-18 दिल्ली के सफदरजंग स्टेशन से दोपहर 12.15 बजे आगरा के लिए रवाना हुई। इस दौरान ट्रेन ने अधिकतम 181 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार पकड़ी। वहीं कुछ शरारती तत्वों ने इसी दौरान ट्रेन-18 पर पथराव कर दिया। इससे उसकी खिड़की का कांच टूट गया। रेलवे अधिकारि्यों ने इस पर चिंता जताते हुए उम्मीद जताई है कि आरोपी को पकड़ लिया जाएगा।
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गौरतलब है कि इस ट्रेन की निर्माण लागत 100 करोड़ रुपए है। इसका निर्माण आइसीएफ चेन्नई में हुआ है। ट्रेन में दो खास डिब्बे होंगे जिसमें 52-52 सीटें होंगी और बाकियों में 78 सीटें। इस ट्रेन में वाईफाई, जीपीएस आधारित सूचना प्रणाली, मॉड्यूलर बायो वॉक्यूम टॉयलेट, एलईडी लाइटिंग, मोबाइल चार्जिग प्वाइंट और तापमान नियंत्रण प्रणाली की सुविधा है।

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