तमिलनाडु में प्रदान किए जा रहे 69 प्रतिशत आरक्षण की रक्षा की जाए: अन्नाद्रमुक

तमिलनाडु में प्रदान किए जा रहे 69 प्रतिशत आरक्षण की रक्षा की जाए: अन्नाद्रमुक

तमिलनाडु में प्रदान किए जा रहे 69 प्रतिशत आरक्षण की रक्षा की जाए: अन्नाद्रमुक
Modified Date: November 29, 2022 / 07:50 pm IST
Published Date: May 6, 2021 8:22 pm IST

चेन्नई, छह मई (भाषा) मराठा आरक्षण पर उच्चतम न्यायालय द्वारा रोक लगाए जाने से चिंतित तमिलनाडु के विपक्षी दल अन्नाद्रमुक ने बृहस्पतिवार को सरकार से दिवंगत मुख्यमंत्री जे जयललिता द्वारा राज्य में सुनिश्चित किए गए 69 प्रतिशत आरक्षण को बरकरार रखने का अनुरोध किया।

विपक्षी पार्टी ने कहा कि राज्य सरकार को कानून विशेषज्ञों से मशविरा कर यह सुनिश्चित करना चाहिए कि गरीबों और कमजोर वर्ग के लोगों के कल्याण के लिए इस्तेमाल किए जा रहे आरक्षण पर किसी तरह से प्रभाव न पड़े।

उच्चतम न्यायालय ने 29 अप्रैल को मराठा आरक्षण पर रोक लगाते हुए आरक्षण की सीमा 50 प्रतिशत से अधिक नहीं होने का आदेश दिया था।

अन्नाद्रमुक के संयोजक ओ पन्नीरसेल्वम तथा संयुक्त संयोजक के पलानीस्वामी ने एक बयान में कहा, ”यदि तमिलनाडु में 102वां संविधान संशोधन लागू किया गया तो लोगों के कल्याण के लिए दिवंगत अम्मा (जयललिता) द्वारा सुनिश्चित किए गए आरक्षण की भावना प्रभावित होगी जैसा कि मराठा समुदाय को आरक्षण प्रदान करने वाले महाराष्ट्र के कानून के मामले में हुआ है।”

भाषा जोहेब नेत्रपाल

नेत्रपाल


लेखक के बारे में