अलप्पुझा जिला कलेक्टर ने महिला विधायक के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी के मामले में कार्रवाई का आदेश दिया

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अलप्पुझा जिला कलेक्टर ने महिला विधायक के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी के मामले में कार्रवाई का आदेश दिया

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  • Publish Date - March 26, 2026 / 05:34 PM IST,
    Updated On - March 26, 2026 / 05:34 PM IST

अलाप्पुझा, 26 मार्च (भाषा) केरल के अलाप्पुझा जिले के कलेक्टर ने बृहस्पतिवार को पुलिस को नौ अप्रैल को होने वाले विधानसभा चुनावों में कायमकुलम एलडीएफ उम्मीदवार यू प्रतिभा के खिलाफ अपमानजनक और मानहानिकारक टिप्पणियों के मामले में आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन का हवाला देते हुए मामला दर्ज करने का निर्देश दिया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।

कायमकुलम में कांग्रेस के नेतृत्व वाले संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (यूडीएफ) के संयोजक और इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (आईयूएमएल) के स्थानीय नेता इरशाद पर आरोप है कि उन्होंने एक चुनावी कार्यक्रम में प्रतिभा के बारे में आपत्तिजनक टिप्पणी की और दावा किया कि वह लगातार तीसरी जीत हासिल करने के लिए ‘अपनी वाक्पटुता और सुंदरता का सौदा’ कर रही हैं।

उन्हें जल्द ही पार्टी द्वारा निलंबित कर दिया गया और कायमकुलम में यूडीएफ के चुनाव प्रभार से हटा दिया गया।

सरकार के एक बयान के अनुसार, यह कार्रवाई मीडिया प्रमाणन और निगरानी समिति (एमसीएमसी) द्वारा घटना से संबंधित मीडिया रिपोर्टों और सोशल मीडिया पोस्ट की जांच के बाद की गई, जिसने मामले को आदर्श आचार संहिता पर जिला स्तरीय समिति को भेज दिया।

जिला कलेक्टर इनबासेखर के. की अध्यक्षता में हुई एक स्क्रीनिंग समिति की बैठक में सोशल मीडिया क्लिप्स की जांच की गई और प्रथम दृष्टया आचार संहिता का उल्लंघन पाया गया। बयान में यह जानकारी दी गई है।

इसके आधार पर पुलिस को भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज करने का निर्देश दिया गया है।

इसमें कहा गया है कि जिला कलेक्टर ने महिला की गरिमा को ठेस पहुंचाने, चुनाव के संबंध में निराधार बयान देने, चुनाव परिणामों को प्रभावित कर सकने वाले भ्रामक बयान जारी करने और मानहानि से संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की सिफारिश की है।

प्रतिभा ने कायमकुलम पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई है और अधिकारियों के मुताबिक जल्द ही मामला दर्ज किया जाएगा।

इस बीच, केरल विधानसभा में विपक्ष के नेता वी डी सतीशन ने कहा कि ये टिप्पणियां ‘बेहद अपमानजनक’ हैं और किसी राजनेता को किसी महिला नेता के खिलाफ ऐसी टिप्पणी नहीं करनी चाहिए थी।

उन्होंने यह भी दावा किया कि इसी तरह के बयान वामपंथी नेताओं द्वारा अन्य महिला राजनेताओं के खिलाफ भी दिए गए थे जिनमें के.के. रेमा, वीना एस. नायर और पूर्व मुख्यमंत्री ओमन चांडी की बेटी अचु ओमन शामिल हैं और उन पर कोई कार्रवाई नहीं की गई।

उन्होंने कहा, ‘हम उनके जैसे नहीं हैं। हमने कुछ ही घंटों के भीतर कार्रवाई की।’ उन्होंने यह भी कहा कि इस मुद्दे से यूडीएफ की संभावनाओं पर कोई असर नहीं पड़ेगा।

भाषा तान्या नरेश

नरेश