चेन्नई, 25 जून (भाषा) पीएमके के नेता अंबुमणि रामदास ने बुधवार को अपने पिता और पार्टी संस्थापक एस रामदास के साथ संभवत: सुलह कर ली, जिसके साथ ही दोनों के बीच पार्टी नेतृत्व को लेकर लंबे समय से चला आ रहा सार्वजनिक विवाद समाप्त होता दिखाई दिया।
दिसंबर 2024 से दोनों के बीच मतभेद थे। इसके बाद 11 सितंबर 2025 को रामदास ने बेटे को पार्टी से निष्कासित कर दिया था और अगले 18 महीनों में यह विवाद कई बार सार्वजनिक रूप से बढ़ा।
अंबुमणि अपनी पत्नी व विधायक सौम्या अंबुमणि और बच्चों के साथ विल्लुपुरम जिले में स्थित अपने पिता के आवास पहुंचे, जिससे दोनों के बीच सौहार्दपूर्ण संबंधों का संकेत मिला।
अंबुमणि ने पत्रकारों से कहा, “अब से अच्छी बातें होंगी।”
इससे पहले, दोनों के बीच राजनीतिक मतभेद और कटुता रही थी। अप्रैल में अंबुमणि गुट ने राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के साथ विधानसभा चुनाव लड़ा था, जबकि उनके पिता ने वीके शशिकला के संगठन के साथ गठबंधन किया था।
पार्टी के एक सूत्र के अनुसार, अंबुमणि पार्टी पर पूर्ण नियंत्रण बनाए रखेंगे, जबकि रामदास अपने स्वास्थ्य पर ध्यान केंद्रित करेंगे।
भाषा जोहेब पारुल
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