असम में निजी विद्यालयों में गरीब छात्रों के लिए 25 प्रतिशत सीट आरक्षित करने पर विचार

असम में निजी विद्यालयों में गरीब छात्रों के लिए 25 प्रतिशत सीट आरक्षित करने पर विचार

असम में निजी विद्यालयों में गरीब छात्रों के लिए 25 प्रतिशत सीट आरक्षित करने पर विचार
Modified Date: August 10, 2024 / 01:08 am IST
Published Date: August 10, 2024 1:08 am IST

गुवाहाटी, नौ अगस्त (भाषा) असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने शुक्रवार को कहा कि सरकार ने कम आय वाले परिवारों के मेधावी छात्रों के लिए क्षेत्रीय भाषा के निजी विद्यालयों में 25 प्रतिशत सीट आरक्षित करने को सैद्धांतिक मंजूरी दे दी है।

शर्मा ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि राज्य मंत्रिमंडल ने प्रस्ताव पर जनता की राय लेने का फैसला किया है और अगले शैक्षणिक वर्ष से इस योजना को लागू करने पर विचार हो रहा है।

उन्होंने कहा, ‘यह अंतिम प्रस्ताव नहीं है। हमने इस अवधारणा को मंजूरी दे दी है और अब जनता की राय मांग रहे हैं। यदि सब कुछ ठीक रहा तो हम अगले साल से इस योजना को लागू कर देंगे।’

शर्मा ने कहा कि सरकार 25 प्रतिशत आरक्षित छात्रों की फीस स्कूलों को वापस करेगी, जिन्हें योजना में शामिल होने के लिए शिक्षा विभाग में आवेदन करना होगा।

उन्होंने कहा कि कम आय वर्ग के मेधावी छात्रों की पहचान के लिए स्कूल अपनी प्रवेश परीक्षाएं आयोजित करेंगे। यह योजना केवल असमिया, बोडो और बंगाली सहित चुनिंदा प्रतिष्ठित क्षेत्रीय भाषा के विद्यालयों पर लागू होगी, लेकिन अंग्रेजी माध्यम स्कूलों पर लागू नहीं होगी।

भाषा

शुभम प्रशांत

प्रशांत


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