Vande Bharat Prime Time Bulletin Live : ‘ “राम नाम की लूट है, लूट सके तो लूट…” रामलला के चढ़ावे में लगी सेंध? SIT की जांच में निकलेगा सच, अयोध्या से लखनऊ तक हड़कंप!

अयोध्या राम मंदिर के चढ़ावे को लेकर उठे विवाद ने नया मोड़ ले लिया है। SIT की जांच अंतिम चरण में पहुंच चुकी है और जल्द ही रिपोर्ट मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को सौंपी जा सकती है। जांच में 150 संदिग्धों के नाम सामने आने और करोड़ों रुपये के लेन-देन पर सवाल उठने से मामला और गरमा गया है। अब सभी की नजर SIT की रिपोर्ट और संभावित कार्रवाई पर टिकी है।

Vande Bharat Prime Time Bulletin Live : ‘ “राम नाम की लूट है, लूट सके तो लूट…” रामलला के चढ़ावे में लगी सेंध? SIT की जांच में निकलेगा सच, अयोध्या से लखनऊ तक हड़कंप!

Vande Bharat Prime Time Bulletin Live / Image Source : FILE

Modified Date: June 20, 2026 / 11:55 pm IST
Published Date: June 20, 2026 11:55 pm IST
HIGHLIGHTS
  • राम मंदिर चढ़ावा विवाद की जांच अंतिम चरण में पहुंची
  • SIT ने ट्रस्ट पदाधिकारियों और बैंक अधिकारियों से की पूछताछ
  • 150 संदिग्धों और 2 करोड़ की रिकवरी के दावे से बढ़ी हलचल

नई दिल्ली : Ayodhya Ram Mandir Donation Scam, राम नाम की लूट है, लूट सके तो लूट। कबीर का ये दोहा भले आध्यात्मिक संदेश देता हो, लेकिन अयोध्या में सामने आए चढ़ावा चोरी के आरोपों ने इस कहावत को नए और विवादित मायने दे दिए हैं। सवाल ये है कि क्या रामलला के नाम पर चढ़े दान में सचमुच किसी ने सेंध लगाई..या फिर आरोपों के पीछे कोई और कहानी है ? जवाब तलाश रही है SIT, जिसकी रिपोर्ट अब सीधे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पास पहुंचने वाली है

15 दिन में सब दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा

राम मंदिर आंदोलन से लेकर निर्माण और उद्घाटन तक बीजेपी ने हर मौके को एक इवेंट के तरह पेश किया। जनता को ये भरोसा दिलाया कि अगर बीजेपी न होती तो राम मंदिर निर्माण असंभव था लेकिन अब इसी राम मंदिर के चढ़ावे पर चोरी के आरोपें में बीजेपी घिरती नजर आ रही है विपक्ष इस आस्था के मुखौटे के पीछे चोरी की साजिश बता रही है। इस बीच अयोध्या पहंचकर रामलला के दर्शन के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ दो टूक कह चुके हैं कि 15 दिन में सब दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा।

25 लोगों पर कार्रवाई की संभावना

चोरी की जांच के छठे दिन भी SIT मंदिर परिसर पहुंची करीब एक हफ्ते की पड़ताल के बाद टीम अब लखनऊ लौटने की तैयारी में है। सूत्रों के मुताबिक 150 संदिग्धों के नाम सामने आए हैं 2 करोड़ रुपये की रिकवरी हो चुकी है और करीब 25 लोगों पर कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है.

तीनों से अलग-अलग पूछताछ

सूत्रों का दावा है कि ट्रस्ट महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्रा को पद से हटाने पर विचार किया जा रहा है जबकि निर्माण प्रभारी गोपाल राव पर भी कार्रवाई की तलवार लटक रही है। शुक्रवार को SIT ने इन तीनों से अलग-अलग पूछताछ की साथ ही SBI के अधिकारियों से भी सवाल-जवाब किए।

60 किलो चांदी की ईंटों और दूसरे दानों का हिसाब

जांच के दौरान एक के बाद एक ऐसे खुलासे भी सामने आए हैं जिन्होंने मामले को और गंभीर बना दिया है। मुंबई के कारोबारी अनिल विश्वकर्मा ने दावा किया कि उन्होंने रामलला को 3 किलो चांदी का हार और 1 किलो की चरण पादुका भेंट की थी..लेकिन उन्हें कभी रसीद नहीं मिली..वहीं इंडियन बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन ने भी 60 किलो चांदी की ईंटों और दूसरे दानों का हिसाब मांगा है.

सरकार और ट्रस्ट को घेर रही है विपक्ष

विपक्ष जहां लगातार सरकार और ट्रस्ट को घेर रहा है. . बीजेपी दोषियों को नहीं बख्शने की बात दोहरा रही है। अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या रामलला के नाम पर आए चढ़ावे में सचमुच सेंध लगी ?..क्या ट्रस्ट के बड़े पदाधिकारियों तक जांच की आंच पहुंचेगी?..और क्या मुख्यमंत्री योगी की मेज पर पहुंचने वाली SIT रिपोर्ट के बाद बड़े एक्शन का रास्ता साफ होगा?..फिलहाल पूरे देश की नजर अयोध्या से लखनऊ जाने वाली इसी रिपोर्ट पर टिकी है।

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लेखक के बारे में

I’m Sneha Singh, a journalist and storyteller committed to ethical, ground-level, and impact-oriented reporting. A Gold Medalist in Journalism And Mass Communication, I believe in telling stories with accuracy, sensitivity, and purpose. Currently working with IBC24, I specialize in content writing, news production, and modern storytelling bridging facts with human experiences to inform, engage, and inspire audiences..