भाजपा का ‘विजय रथ’ पंजाब में रुकेगा : केजरीवाल

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भाजपा का ‘विजय रथ’ पंजाब में रुकेगा : केजरीवाल

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  • Publish Date - May 5, 2026 / 09:05 PM IST,
    Updated On - May 5, 2026 / 09:05 PM IST

(तस्वीरों के साथ)

नयी दिल्ली, पांच मई (भाषा) आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने मंगलवार को कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का ‘विजय रथ’ पंजाब में रुकेगा।

केजरीवाल की यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है, जब भाजपा हाल में संपन्न पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों में अपनी शानदार जीत का जश्न मना रही है।

‘आप’ प्रमुख ने भाजपा पर चुनावों में हेरफेर के जरिये लोकतंत्र को “अगवा कर उसकी हत्या करने” का आरोप लगाया।

उन्होंने कहा, “पश्चिम बंगाल में जो हुआ, वह चुनाव नहीं था। वहां महीनों से जो हो रहा था, हम उसे देख रहे थे। बिहार, महाराष्ट्र और यहां तक ​​कि मेरे अपने नयी दिल्ली निर्वाचन क्षेत्र में भी ऐसा ही हुआ था।”

केजरीवाल ने कहा, “आज लोकतंत्र खतरे में है। 2014 में नरेन्द्र मोदी की लहर थी और वे (भाजपा) लगातार चुनाव जीतते रहे। फरवरी 2015 में उन्हें दिल्ली में केवल तीन सीट मिलीं। अगर वे पंजाब में सत्ता में आते हैं, तो राज्य को बर्बाद कर देंगे।”

उन्होंने आरोप लगाया कि अगर कोई प्रतिद्वंद्वी पार्टी चुनाव जीत भी जाती है, तो इससे भाजपा को कोई खास फर्क नहीं पड़ता, क्योंकि वह प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) जैसी एजेंसियों को उनके पीछे लगा देती है, धन-बल का इस्तेमाल करती है, विधायकों की खरीद-फरोख्त में जुट जाती है, पार्टियों को तोड़ने की कोशिश करती है, सरकारों को गिराती है, नेताओं को जेल भेजती है और यह सुनिश्चित करती है कि उनके ‘वोट’ काट दिए जाएं।

केजरीवाल ने कहा कि पंजाब में 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव “प्रधानमंत्री मोदी” के लिए आखिरी चुनाव होंगे।

उन्होंने कहा, “एक बार फिर एक लहर पैदा हो रही है। वे असम, बंगाल, बिहार, महाराष्ट्र और दिल्ली, हर जगह जीत रहे हैं,… लेकिन आगामी फरवरी में होने वाले पंजाब विधानसभा चुनाव में इस अश्वमेध घोड़े (भाजपा) को रोक दिया जाएगा। पंजाब चुनाव के बाद मोदी सरकार गिर जाएगी। मोदी सरकार का अंत पंजाब से ही होगा।”

केजरीवाल ने दावा किया कि पंजाब में ‘आप’ सरकार के पक्ष में सत्ता समर्थक लहर है और हर गांव प्रशासन की ओर से किए गए कार्यों को मान्यता दे रहा है।

उन्होंने कहा, “लोग किसी सरकार की तारीफ करें, ऐसा कम ही होता है। आमतौर पर चार साल बाद ही लोग कहने लगते हैं कि सत्ता विरोधी लहर जोरों पर है। लेकिन पंजाब में स्थिति अलग है। आप राज्य के किसी भी गांव या इलाके में जा सकते हैं, आपको वहां सत्ता-विरोधी लहर नहीं दिखेगी; बल्कि सत्ता-समर्थक लहर नजर आएगी।”

हाल में ‘आप’ छोड़ भाजपा में शामिल होने वाले सात राज्यसभा सदस्यों का जिक्र करते हुए केजरीवाल ने कहा कि ये सीट पंजाबियों की थीं।

उन्होंने कहा, “भाजपा ने पंजाब से ये सीट छीन ली हैं और अब हम सभी को उन्हें रोकने के लिए काम करना होगा। इतिहास गवाह है कि पंजाब ने विदेशी आक्राताओं को रोका है, लेकिन इस बार दुश्मन भीतर ही हैं। पंजाबियों को उन्हें रोकना होगा।”

केजरीवाल ने कहा, “जब भी भारत पर हमला हुआ, हमला पश्चिम से हुआ और पंजाब एक ढाल बनकर खड़ा रहा, आक्रमणकारियों को रोकने के लिए अपना खून बहाया।”

केजरीवाल के अलावा पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भी कपूरथला हाउस में जुटे राज्य के विधायकों को संबोधित किया।

इससे पहले मान ने राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात की और उनसे राज्य के उन छह राज्यसभा सदस्यों की सदस्यता समाप्त करने का आग्रह किया जिन्होंने ‘आप’ छोड़ भाजपा का दामन थाम लिया था।

भाजपा नेताओं ने 2027 में होने वाले पंजाब विधानसभा चुनावों में पश्चिम बंगाल में मिली सफलता को दोहराने का भरोसा जताया है।

भाषा पारुल माधव

माधव