तेलंगाना में बिना अनुमति उर्दू पढ़ाने पर निजी स्कूल के खिलाफ मामला दर्ज

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तेलंगाना में बिना अनुमति उर्दू पढ़ाने पर निजी स्कूल के खिलाफ मामला दर्ज

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  • Publish Date - June 29, 2026 / 03:39 PM IST,
    Updated On - June 29, 2026 / 03:39 PM IST

हैदराबाद, 29 जून (भाषा) तेलंगाना के निजामाबाद जिले के अभिभावकों के आरोप के बाद एक निजी स्कूल के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। अभिभावकों ने आरोप लगाया है कि निजी स्कूल में एक हिंदी शिक्षक बिना अनुमति के उर्दू पढ़ा रहा था, जबकि यह विषय पाठ्यक्रम का हिस्सा नहीं है।

यह मामला 27 जून को सामने आया और भारतीय जनता पार्टी तथा विभिन्न हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। विवाद बढ़ने के बाद पुलिस, राजस्व और शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने स्कूल का दौरा कर मामले की जांच शुरू की।

एक पुलिस अधिकारी ने सोमवार को पीटीआई-भाषा को बताया कि स्कूल की शिकायत पर प्रदर्शनकारी कार्यकर्ताओं के खिलाफ भी एक मामला दर्ज किया गया है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि वे स्कूल परिसर में जबरन घुस आए और वहां हमला किया।

उन्होंने बताया कि तहसीलदार ने शिकायत दर्ज कराई थी कि स्कूल में आवश्यक अनुमति के बिना उर्दू और नमाज की शिक्षा दी जा रही थी। इसके आधार पर संस्थान के प्रधानाचार्य और संबंधित शिक्षक के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।

उनके अनुसार, आवश्यक अनुमति प्राप्त किए बिना उर्दू पढ़ाना सरकारी नियमों का उल्लंघन है। इस मामले में शिक्षा विभाग भी जांच कर रहा है।

अर्मूर स्थित इस परिसर में दो स्कूल हैं — भविष्य दर्शिनी स्कूल और भारत चंद्र स्कूल। इनमें भविष्य दर्शिनी स्कूल में कक्षा एक से सात तक की पढ़ाई होती है, जबकि भारत चंद्र स्कूल में कक्षा आठ से 10 तक की पढ़ाई होती है।

वायरल वीडियो में प्राथमिक कक्षाओं के छात्र यह कहते हुए दिख रहे हैं कि उन्हें स्कूल में प्रतिदिन उर्दू पढ़ाई जाती है। इसके अलावा कार्यकर्ताओं और स्कूल कर्मचारियों के बीच बहस तथा कर्मचारियों पर कथित हमले के वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुए हैं।

विवाद के बाद स्कूल का दौरा करने वाले तहसीलदार सत्यनारायण ने कहा था कि शुरुआती जांच में पाया गया है कि प्राथमिक कक्षाओं के छात्रों को सरकार की अनुमति के बिना उर्दू पढ़ाई जा रही थी।

उन्होंने बताया कि जब प्रधानाचार्य को इसकी जानकारी हुई तो उन्होंने भी उर्दू पढ़ाए जाने में सहयोग किया। उन्होंने कहा कि मामले में नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।

भाषा तान्या अविनाश

अविनाश