पूर्वोत्तर के पुलिस बलों के बीच समन्वय से आम समस्याओं से निपटने में मदद मिलेगी: असम के मुख्यमंत्री
पूर्वोत्तर के पुलिस बलों के बीच समन्वय से आम समस्याओं से निपटने में मदद मिलेगी: असम के मुख्यमंत्री
गुवाहाटी, 21 नवंबर (भाषा) असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने मंगलवार को पूर्वोत्तर क्षेत्र के पुलिस बलों के बीच करीबी समन्वय की जरूरत पर जोर दिया क्योंकि इस क्षेत्र के विभिन्न राज्य मादक पदार्थों की तस्करी और उग्रवाद जैसी समान समस्याओं से जूझ रहे हैं।
उन्होंने अपराध पर प्रभावी तरीके से नकेल और अपराधियों को सजा दिलाने के लिए पुलिसिंग में तकनीक के अधिकाधिक उपयोग की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
मेघालय के उमियाम में उत्तर पूर्वीय पुलिस अकादमी (नेपा) में ‘पासिंग आउट’ परेड को संबोधित करते हुए शर्मा ने कहा कि पूर्वोत्तर राज्यों के पुलिस बलों को मिलकर काम करना चाहिए क्योंकि समस्याएं भी समान हैं।
उन्होंने म्यांमा के जरिए मादक पदार्थों की तस्करी को समान समस्या बताया और दावा किया कि विभिन्न राज्यों में सक्रिय उग्रवादी समूह ‘बाहर रहकर एक साथ काम करते हैं और साझा रणनीति अपनाते हैं’। उन्होंने कहा, ”हमारे पुलिस बलों को आपसी समन्वय बढ़ाना चाहिए और उग्रवादियों से लड़ने के लिए साझा नीति अपनानी चाहिए।”
उन्होंने नवनियुक्त पुलिसकर्मियों से प्रशिक्षण के दौरान विकसित सौहार्द की भावना को बनाए रखने का आग्रह किया। शर्मा ने इस बात पर भी जोर दिया कि उच्च स्तर पर अधिकारियों के बीच आधिकारिक सूचना के आदान-प्रदान की प्रतीक्षा करने के बजाय क्षेत्रीय स्तर पर करीबी समन्वय के माध्यम से अपराध से अधिक प्रभावी ढंग से निपटने में मदद मिलेगी।
शर्मा ने कहा, ”हमें मादक पदार्थों की तस्करी व अन्य अपराधों से लड़ना है और यह सुनिश्चित करना है कि हमारे वरिष्ठ नागरिक, महिलाएं, बच्चे और अन्य कमजोर वर्ग सुरक्षित रहें।”
पूर्वोत्तर के पांच राज्यों असम, अरुणाचल प्रदेश, मिजोरम, नगालैंड और त्रिपुरा से पुलिस उपाधीक्षक से लेकर उप-निरीक्षक तक के पदों पर कुल 377 प्रशिक्षु नेपा में बुनियादी पाठ्यक्रम पूरा करने के बाद उत्तीर्ण हुए हैं।
भाषा जितेंद्र पवनेश
पवनेश

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