कोविड: कर्नाटक सरकार संक्रमण को लेकर कदम उठाने के लिए कैबिनेट उप-समिति का गठन करेगी

कोविड: कर्नाटक सरकार संक्रमण को लेकर कदम उठाने के लिए कैबिनेट उप-समिति का गठन करेगी

कोविड: कर्नाटक सरकार संक्रमण को लेकर कदम उठाने के लिए कैबिनेट उप-समिति का गठन करेगी
Modified Date: December 21, 2023 / 05:39 pm IST
Published Date: December 21, 2023 5:39 pm IST

बेंगलुरु, 21 दिसंबर (भाषा) कर्नाटक सरकार ने बृहस्पतिवार को विशेषज्ञों के साथ उचित समन्वय के लिए एक कैबिनेट उप-समिति का गठन करने का फैसला लिया है ताकि कोविड-19 के प्रसार को रोकने के उद्देश्य से आवश्यक कदम उठाए जा सकें। इन कदमों में कोविड को लेकर बरती जाने वाली सावधानियां और इससे संबंधित उपचार प्रदान करना शामिल है।

कर्नाटक में बीते एक सप्ताह में कोविड-19 से तीन लोगों की मौत हुई है।

मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने मंत्रियों, अधिकारियों और विशेषज्ञों के साथ बैठक की अध्यक्षता की और इसके बाद लोगों से घबराने की नहीं बल्कि सतर्क रहने तथा फेस मास्क पहनने जैसे एहतियाती कदम उठाने की अपील की।

सिद्धरमैया ने संवाददाताओं से कहा,”कैबिनेट की एक उप-समिति का गठन किया जाएगा। इसके नेतृत्व और सदस्यों को लेकर फैसला कैबिनेट बैठक में किया जाएगा। कैबिनेट उप-समिति की लगातार बैठकें होंगी और इसकी तकनीकी सलाहकार समिति (टीएसी) के साथ भी बैठकें होंगी। कैबिनेट उप-समिति और टीएसी के बीच उचित समन्वय होना चाहिए।”

उन्होंने कहा,”टीएसी जो भी सलाह देगी उसे पूरी तरह से लागू किया जाना चाहिए।”

बैठक में उपमुख्यमंत्री डी. के. शिवकुमार, गृह मंत्री जी. परमेश्वर, स्वास्थ्य मंत्री दिनेश गुंडू राव, चिकित्सा शिक्षा मंत्री शरण प्रकाश पाटिल, शीर्ष सरकारी अधिकारी और टीएसी के सदस्य मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड ​​के मामले बढ़ रहे हैं और हाल ही में कर्नाटक में इसके संक्रमण से तीन लोगों की मृत्यु हो गई है।

सिद्धरमैया ने कहा, ‘यह नहीं कहा जा सकता है कि उनकी मृत्यु (केवल) कोविड के कारण हुई है क्योंकि उन्हें अन्य गंभीर बीमारियां या किडनी, हृदय, फेफड़े, रक्तचाप, मधुमेह जैसी संबंधित बीमारियों के साथ-साथ कोविड-19 संक्रमण था।’

उन्होंने कहा कि आज की बैठक में टीएसी से जानकारी ली गई है।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि अतीत की गलतियों को न दोहराया जाए और ऑक्सीजन, बिस्तर, वेंटिलेटर तथा दवाओं की कमी न हो। कोविड रोगियों को उपचार प्रदान करने के साथ-साथ सह-रुग्णता वाले लोगों को भी चिकित्सा देखभाल मिलनी चाहिए।

उन्होंने कहा, ‘मैंने सुझाव दिया है कि यदि आवश्यक हो तो उन लोगों के लिए टीकाकरण अभियान शुरू किया जाना चाहिए जिन्होंने कोविड रोधी टीके नहीं लगवाए हैं। यह एक महत्वपूर्ण निवारक उपाय है।’

सिद्धरमैया ने लोगों से घबराने या चिंता न करते हुए सतर्क रहने और एहतियाती उपायों का पालन करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि जो नया ‘जेएन.1’ उप स्वरूप है वह ओमिक्रॉन स्वरूप का एक उप स्वरूप है जो अतीत में प्रचलित था।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान में राज्य में कोविड के 92 मामले हैं जिनमें से सबसे ज्यादा शहरी बेंगलुरु जिले के 80 मामले शामिल हैं। 92 मामलों में से 72 मरीजों का उपचार घर में चल रहा है जबकि 20 मरीज अस्पताल में भर्ती है। अस्पताल में भर्ती मरीजों में से सात मरीज गहन चिकित्सा इकाई में है जिन्हें केवल कोविड ही नहीं अन्य बीमारियां भी हैं।

भाषा अभिषेक नरेश

नरेश


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