कासरगोड, सात फरवरी (भाषा) केरल विधानसभा में विपक्ष के नेता वी डी सतीशन ने सत्तारूढ़ मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) पर सांप्रदायिक तुष्टीकरण की नीति अपनाने का आरोप लगाते हुए शनिवार को कहा कि मुख्यमंत्री पिनरायी विजयन सहित इसके प्रमुख नेताओं ने चुनाव जीतने के लिए ‘जमात-ए-इस्लामी’ के वोट स्वीकार किए हैं।
विपक्ष के नेता ने आरोप लगाया कि मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने राज्य में पिछले लोकसभा चुनावों तक अल्पसंख्यकों को खुश करने की कोशिश की और उसके बाद माकपा ने बहुसंख्यक समुदायों को खुश करने की कोशिश की।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता ने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘लेकिन, अब माकपा बहुसंख्यकों और अल्पसंख्यकों दोनों का समर्थन खो चुकी है। वे अब असमंजस की स्थिति में हैं। उन्हें खुद नहीं पता कि वे आजकल क्या कर रहे हैं या क्या व्यवहार कर रहे हैं। ’’
माकपा के राज्य सचिव एम वी गोविंदन द्वारा कांग्रेस के खिलाफ लगाए गए सांप्रदायिक आरोपों को खारिज करते हुए सतीशन ने कहा कि कांग्रेस पार्टी को किसी से सांप्रदायिकता के बारे में सीखने की जरुरत नहीं है।
उन्होंने माकपा पर सांप्रदायिकता के मामले में ‘दोहरा रवैया’ अपनाने का भी आरोप लगाया।
सतीशन ने आरोप लगाया कि माकपा के दशकों से ‘जमात-ए-इस्लामी’ के साथ संबंध थे और मुख्यमंत्री विजयन तथा पार्टी के राज्य सचिव गोविंदन सहित कई वामपंथी नेताओं ने उनके वोट हासिल करके चुनाव जीते हैं।
भाषा रविकांत दिलीप
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