पीएम-उदय योजना के क्रियान्वयन में तेजी के लिए दिल्ली ने केंद्र से 100 करोड़ रुपये मांगे

पीएम-उदय योजना के क्रियान्वयन में तेजी के लिए दिल्ली ने केंद्र से 100 करोड़ रुपये मांगे

पीएम-उदय योजना के क्रियान्वयन में तेजी के लिए दिल्ली ने केंद्र से 100 करोड़ रुपये मांगे
Modified Date: July 12, 2026 / 08:29 pm IST
Published Date: July 12, 2026 8:29 pm IST

नयी दिल्ली, 12 जुलाई (भाषा) दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने राष्ट्रीय राजधानी की 1,511 अनधिकृत कॉलोनियों के निवासियों को संपत्ति अधिकार देने के लिए चलाई जा रही प्रधानमंत्री अनधिकृत कॉलोनियों में आवास अधिकार योजना (पीएम-उदय) के क्रियान्वयन में तेजी लाने हेतु केंद्र से 100 करोड़ रुपये देने का अनुरोध किया है। मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) ने यह जानकारी दी।

सीएमओ के बयान के अनुसार, मुख्यमंत्री ने केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल को लिखे पत्र में कहा कि योजना के तहत दिल्ली के सभी 13 जिलों में पीएम-उदय प्रकोष्ठ स्थापित किए जाएंगे, जिनका नेतृत्व अतिरिक्त जिलाधिकारी (एडीएम) करेंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2026-27 के पहले चरण में इन गतिविधियों को निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरा करने के लिए 100 करोड़ रुपये का प्रावधान प्रस्तावित किया गया है।

उन्होंने बताया कि प्रस्तावित व्यय में 65 करोड़ रुपये ‘दृष्टि’ आधारित आधुनिक भूमि सर्वेक्षण एवं मानचित्रण प्रणाली विकसित करने के लिए रखे गए हैं, जिससे संपत्ति सत्यापन और भूमि अभिलेखों के आधुनिकीकरण की पूरी प्रक्रिया अधिक पारदर्शी, सटीक और प्रौद्योगिकी आधारित बन सकेगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि 25 करोड़ रुपये पीएम-उदय प्रकोष्ठों की स्थापना के लिए प्रस्तावित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि इनके बिना निर्धारित 45 दिन की समयसीमा के भीतर संपत्ति संबंधी दस्तावेज और प्राधिकार पत्र जारी करना संभव नहीं होगा।

सीएमओ के बयान के अनुसार, प्रस्तावित राशि का उपयोग रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) के साथ कार्यशालाएं आयोजित करने, सहायता केंद्र (हेल्प डेस्क) स्थापित करने तथा पात्रता से जुड़ी महत्वपूर्ण तिथियों सहित योजना संबंधी जानकारी लोगों तक पहुंचाने के लिए किया जाएगा।

बयान में कहा गया कि दिल्ली सरकार के राजस्व विभाग को राजधानी में पीएम-उदय योजना के क्रियान्वयन के लिए नोडल एजेंसी नामित किया गया है।

इसके अलावा, दिल्ली की 1,511 अनधिकृत कॉलोनियों में संपत्तियों का भौतिक सत्यापन, आधुनिक तकनीक के माध्यम से डिजिटल मानचित्रण तथा भूमि अभिलेखों को अद्यतन करने के लिए बड़े पैमाने पर अभियान चलाया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार से समय पर वित्तीय सहायता मिलने से दिल्ली के लाखों निवासियों को संपत्ति अधिकार का लाभ जल्द और अधिक सुगमता से उपलब्ध कराया जा सकेगा।

भाषा

राखी नेत्रपाल

नेत्रपाल


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