नयी दिल्ली, 19 सितंबर (भाषा) कांग्रेस नेता अमिताभ दुबे ने शनिवार को कहा कि दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (डूसू) चुनाव में दीपांशु शौकीन को भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) की ओर से अध्यक्ष पद का टिकट देने की पेशकश की गई थी, जिसे उन्होंने ठुकरा दिया और उपाध्यक्ष पद के लिए निर्दलीय चुनाव लड़े।
शौकीन ने डूसू चुनाव में उपाध्यक्ष पद पर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) और एनएसयूआई उम्मीदवारों को बड़े अंतर से पराजित किया। उन्हें 30 हजार से अधिक मत हासिल हुए।
उनके मुताबिक, वह उपाध्यक्ष पद के लिए एनएसयूआई से टिकट नहीं मिलने के बाद निर्दलीय चुनावी मैदान में उतरे।
कांग्रेस के संचार विभाग में शोध मामलों के प्रभारी दुबे ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि यह दावा गलत है कि एनएसयूआई ने शौकीन को डूसू चुनाव का टिकट देने से इनकार कर दिया था।
उन्होंने कहा, ‘‘उन्हें (शौकीन) अध्यक्ष पद का टिकट दिया गया था, जिसे उन्होंने ठुकरा दिया। इसके बाद उन्होंने उपाध्यक्ष पद के लिए निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ने का फैसला किया।’’
डूसू के केंद्रीय पैनल के चार मुख्य पदों में से तीन पर एबीवीपी के उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की, जबकि उपाध्यक्ष पद शौकीन के खाते में गया। एनएसयूआई इस बार एक पद पर भी जीत हासिल नहीं कर सकी।
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