ED Raid Parimatch Betting App : देशभर के 5 भाजपा शासित राज्यों में ED की ताबड़तोड़ रेड! 3000 करोड़ के ऑनलाइन सट्टेबाजी घोटाले पर बड़ा एक्शन, करोड़ों की संपत्ति फ्रीज

प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने अवैध ऑनलाइन सट्टेबाजी प्लेटफॉर्म ‘पैरीमैच’ से जुड़े 3000 करोड़ रुपये के कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बड़ी कार्रवाई की है। ईडी ने राजस्थान, महाराष्ट्र, दिल्ली, गुजरात, यूपी और दमन समेत कई राज्यों में छापेमारी कर अब तक 112 करोड़ रुपये की संपत्तियां फ्रीज की हैं।

ED Raid Parimatch Betting App : देशभर के 5 भाजपा शासित राज्यों में ED की ताबड़तोड़ रेड! 3000 करोड़ के ऑनलाइन सट्टेबाजी घोटाले पर बड़ा एक्शन, करोड़ों की संपत्ति फ्रीज

ED Raid Parimatch Betting App / Image Source : FILE

Modified Date: May 28, 2026 / 11:10 am IST
Published Date: May 28, 2026 10:57 am IST
HIGHLIGHTS
  • ED ने 3000 करोड़ रुपये के ऑनलाइन सट्टेबाजी घोटाले में 17 जगहों पर छापेमारी की।
  • पैरीमैच पर यूजर्स को ऊंचे रिटर्न का लालच देकर ठगी का आरोप।
  • जांच में म्यूल अकाउंट्स, UPI और फर्जी ट्रांजैक्शन नेटवर्क का खुलासा।

नई दिल्ली : ED Raid Parimatch Betting App :  प्रवर्तन निदेशालय (ED) के मुंबई जोनल दफ्तर ने सायप्रस से संचालित होने वाले अवैध ऑनलाइन सट्टेबाजी प्लेटफॉर्म ‘पैरीमैच’के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। इस सट्टा ऐप से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ईडी की टीमों ने देश के 5 राज्यों राजस्थान, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, गुजरात और केंद्र शासित प्रदेश दमन की 17 लोकेशंस पर ताबड़तोड़ सर्च ऑपरेशन चलाया है। यह पूरा घोटाला 3000 करोड़ रुपये से ज्यादा का है, जिसमें ईडी अब तक 112 करोड़ रुपये की संपत्तियों को फ्रीज कर चुकी है।

निवेशकों और यूजर्स को ऊंचे रिटर्न का लालच देकर ठगी

मिली जानकारी के अनुसार पैरीमैच ने निवेशकों और यूजर्स को ऊंचे रिटर्न का लालच देकर एक ही साल में 3000 करोड़ रुपये से ज्यादा की ठगी की। ED Raid Parimatch Betting App इस भारी-भरकम रकम को ठिकाने लगाने और ट्रांसफर करने के लिए सट्टा कंपनी ने म्यूल अकाउंट्स, पेमेंट बिचौलियों और बैंकिंग एजेंट्स का एक बेहद जटिल नेटवर्क तैयार किया था।

ऐसे घुमाया जा रहा था पैसा

पैसे के असली रास्ते को छिपाने और जांच एजेंसियों से बचने के लिए, एक यूजर द्वारा निकाला गया पैसा सीधे दूसरे यूजर द्वारा जमा किए गए पैसे से उसके बैंक खाते या UPI-ID में कई किस्तों में भेज दिया जाता था। इस पूरे पैसे को वेंडर पेमेंट्स और व्यापारिक लेन-देन’ की आड़ में सॉफ्टवेयर और फिनटेक कंपनियों के करंट अकाउंट्स के जरिए घुमाया जा रहा था।

किस आधार पर हुई कार्रवाई ?

यह पूरी कार्रवाई मुंबई के साइबर पुलिस स्टेशन में Parimatch.com के खिलाफ दर्ज एफआईआर (FIR) के आधार पर की गई है, जिसमें यूजर्स के साथ धोखाधड़ी के गंभीर आरोप हैं। इस अवैध नेटवर्क में बैंकों और मोबाइल कंपनियों के बैंकिंग एजेंट्स के दुरुपयोग की बात भी साबित हुई है। ईडी द्वारा देशव्यापी छापेमारी और संपत्तियों को फ्रीज किए जाने के बाद सट्टा कारोबारियों में हड़कंप मच गया है, और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।

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लेखक के बारे में

I’m Sneha Singh, a journalist and news producer at IBC24. A Gold Medalist in Journalism and Mass Communication, I specialize in news production, content writing, and digital storytelling. With a keen interest in political and crime reporting, I believe in delivering accurate, ethical, and impactful journalism that informs and connects with people.