हैदराबाद, 23 मार्च (भाषा) तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी ने सोमवार को कहा कि शहर में यातायात दबाव को कम करने के लिए बेगमपेट हवाई अड्डे के रनवे के नीचे एक भूमिगत सुरंग का निर्माण किया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि दुनिया में ऐसा पहली बार होगा।
उन्होंने विधान परिषद में प्रश्नकाल के दौरान कहा कि सरकार उपमुख्यमंत्री भट्टी विक्रमार्क और मंत्रियों डी श्रीधर बाबू और पोन्नम प्रभाकर के साथ एक कैबिनेट उप-समिति का गठन करेगी, ताकि विपक्षी सदस्य मूसी नदी तट विकास परियोजना पर अपने सुझाव दे सकें।
उन्होंने कहा, “हमने भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण से बेगमपेट हवाई अड्डे के रनवे के नीचे अंडरपास बनाने की अनुमति ली है। दुनिया में कहीं भी हवाई अड्डे के रनवे के नीचे अंडरपास नहीं है। हमने केंद्र सरकार को इसके लिए राजी किया है और कार्य प्रगति पर है।”
उन्होंने मूसी नदी तट विकास परियोजना पर कहा कि राज्य सरकार उन सभी लोगों के पुनर्वास के लिए तैयार है, जिनकी जमीन या घर इस परियोजना के तहत लिए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु और चेन्नई जैसे बड़े महानगर प्रदूषण, खराब जल निकासी व्यवस्था और यातायात जाम जैसी समस्याओं से जूझ रहे हैं। उन्होंने कहा कि हैदराबाद की स्थिति बेहतर है।
हालांकि, रेड्डी ने चेतावनी दी कि यदि अभी सुधारात्मक उपाय नहीं किए गए तो भविष्य में हैदराबाद को भी कई समस्याओं का सामना करना पड़ेगा।
उनके अनुसार, कांग्रेस सरकार ने राज्य को तीन क्षेत्रों में विभाजित करके विकास कार्य शुरू किया है: ‘कोर अर्बन रीजन इकोनॉमी’(सीयूआरई), ‘पेरी अर्बन रीजन इकोनॉमी’ (पीयूआरई) और ‘रूरल एग्रीकल्चर रीजन इकोनॉमी’(आरएआरई)।
रेड्डी ने कहा कि ‘सीयूआरई’ क्षेत्र के भीतर स्थित सभी प्रदूषण फैलाने वाले उद्योगों को ‘पीयूआरई’ क्षेत्र में स्थानांतरित किया जाएगा, ताकि शहर में रहने वाले लोगों के लिए अधिक जगह उपलब्ध हो सके।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार इस महीने के अंत तक या अगले महीने तक 15,000 करोड़ रुपये खर्च करके एलएंडटी से हैदराबाद मेट्रो रेल का अधिग्रहण करने और इसे 76 किलोमीटर तक विस्तारित करने की योजना बना रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी शहर में मेट्रो रेल स्थानीय हवाई अड्डे से जुड़ी होती है, लेकिन हैदराबाद में ऐसा नहीं है, इसलिए इसे हवाई अड्डे से जोड़ना आवश्यक है।
उनके अनुसार, मेट्रो रेल परियोजना के दूसरे चरण की लागत 24,000 करोड़ रुपये होगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार ने प्रस्तावित 360 किलोमीटर लंबी क्षेत्रीय रिंग रोड के एक हिस्से को मंजूरी दे दी है।
भाषा
राखी दिलीप
दिलीप