Former AAP Leaders Name: राघव चड्ढा ही नहीं बल्कि ये दिग्गज नेता भी छोड़ चुके है ‘केजरीवाल का दामन’.. जानें 12 सालों के भीतर कितने नेताओं का हो चुका है पार्टी से मोहभंग

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Former AAP Leaders Name Full List: राघव चड्ढा सहित कई बड़े नेताओं ने AAP छोड़ी, BJP जॉइन, केजरीवाल की पार्टी में बढ़ता संकट

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  • Publish Date - April 24, 2026 / 05:06 PM IST,
    Updated On - April 24, 2026 / 05:27 PM IST

Former AAP Leaders Name Full List || Image- ANI NEWS fILE

HIGHLIGHTS
  • राघव चड्ढा समेत कई सांसदों ने AAP छोड़ BJP जॉइन किया
  • शांति भूषण, योगेंद्र यादव जैसे बड़े नेता पहले ही छोड़ चुके पार्टी
  • केजरीवाल की पार्टी में लगातार बढ़ रही अंदरूनी कलह और असंतोष

नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (आप) को शुक्रवार को बड़ा झटका देते हुए राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने दो अन्य सांसदों के साथ पार्टी छोड़ने का ऐलान कर दिया है। उनके साथ राज्यसभा सांसद संदीप पाठक और अशोक मित्तल भी आप से अलग हो गए हैं। (Former AAP Leaders Name Full List) इसके साथ ही, तीनों नेताओं ने भाजपा में शामिल होने की घोषणा की है। वही कयास लगाए जा रहे थे कि, पूर्व मंत्री मनीष सिसोदिया भी पार्टी से नाराज चल रहे हैं लेकिन उनके पार्टी से अलग होने की कोई खबर सामने नहीं आई है।

जानें कितने बड़े नेता छोड़ चुके है केजरीवाल का साथ

बहरहाल इस बीच लोग उन नेताओं को भी याद कर रहे है जो आम आदमी पार्टी के स्थापना में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका अदा कर चुके है और किसी न किसी वजह से वह आज पार्टी से अलग हैं। ऐसे पूर्व नेताओं की फेहरिस्त लम्बी है।

पार्टी के सबसे वरिष्ठ नेताओं में शांति भूषण का नाम सबसे ऊपर आता है। आम आदमी पार्टी के प्रमुख संस्थापक सदस्यों में से एक थे और देश के वरिष्ठ वकीलों में गिने जाते थे। उन्होंने 2012 में पार्टी की स्थापना के समय 1 करोड़ रुपये का योगदान दिया था। हालांकि वैचारिक मतभेद और पार्टी में आंतरिक लोकतंत्र की कमी को लेकर असहमति के चलते उन्होंने 2015 में पार्टी से दूरी बना ली थी। इसी तरह पार्टी के थिंक टैंक माने जाने वाले प्रशांत भूषण और योगेंद्र यादव भी इस लिस्ट में शामिल है। (Former AAP Leaders Name Full List) इन दोनों ने अप्रैल 2015 में पार्टी का साथ छोड़ा था। दोनों को अनुशासनहीनता के आरोपों के साथ पार्टी से दरबदर कर किया गया था।

इसी तरह AAP की संस्थापक सदस्य, सामाजिक कार्यकर्ता और अल्पसंख्यक चेहरा रही शाजिया इल्मी ने 24 मई 2014 को पार्टी से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने पार्टी में आंतरिक लोकतंत्र की कमी और गुटबाजी का आरोप लगया था। इसके ठीक बाद इसके बाद पत्रकार से नेता बने आशुतोष ने 15 अगस्त 2018 को आम आदमी पार्टी का साथ छोड़ा था। उन्होंने निजी कारणों का हवाला देते हुए इस्तीफा दिया था। हालाँकि आशुतोष अब भी आम आदमी पार्टी के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण रखते है और पार्टी के कामकाज याज नेताओं की खुलकर आलोचना नहीं करते। दावा किया जाता है कि, आशुतोष राज्यसभा नहीं भेजे जाने से नाराज थे और इसलिए उन्होंने पार्टी से खुद को अलग कर लिया।

इनके अलावा आम आदमी पार्टी की सरकार में मंत्री रहे कपिल मिश्रा ने भी भाजपा का दामन थम लिया था। कपिल मिश्रा फ़िलहाल दिल्ली सरकार में मंत्री है और आम आदमी पार्टी के खिलाफ बेहद आक्रामक रहते है। इन्होने 2019 में इस्तीफ़ा दिया थाा और फिर भाजपा के प्रचार-प्रसार में जुट गए थे। कुमार विश्वास ने भी साल 2018-2022 के बीच पार्टी का साथ छोड़ दिया था। हालांकि, उन्होंने कभी पार्टी से औपचारिक रूप से इस्तीफा नहीं दिया। (Former AAP Leaders Name Full List) उनका आरोप था कि राज्यसभा के लिए उम्मीदवारों का चयन पारदर्शी तरीके से नहीं किया गया। इसके बाद अल्का लांबा ने और एचएस फुल्का ने भी AAP का साथ छोड़ दिया। राज्यसभा सांसद स्वाती मालीवाल का नाम भी इस लिस्ट में है। इसी तरह कैलाश हग्लात भी इस सूची में शुमार है।

’15 सालों तक अपने खून से सींचा’ : राघव चड्ढा

राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने पार्टी छोड़ने के फैसले पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि आप अपने मूल सिद्धांतों से पूरी तरह भटक गई हैं। उन्होंने कहा कि जिस आप को मैंने 15 सालों तक अपने खून से सींचा, वह अपने मार्ग से भटक गई है। अब यह देशहित के लिए नहीं बल्कि अपने निजी फायदों के लिए काम कर रही है।

की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना

उन्होंने कहा कि पार्टी को दिल्ली, पंजाब और अन्य राज्यों में विस्तार देने के लिए सभी नेताओं ने मिलकर कड़ी मेहनत की थी, लेकिन अब हालात बदल चुके हैं। मैं आप से दूर जा रहा हूं और जनता के पास आ रहा हूं। भाजपा में शामिल होने के फैसले पर चड्ढा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना की। (Former AAP Leaders Name Full List) उन्होंने कहा कि पिछले 12 सालों में केंद्र सरकार ने कई ऐसे फैसले लिए हैं, जिन फैसलों को लेने से पहले कई नेता डरते थे। जनता ने इस नेतृत्व पर तीन बार मुहर लगाई है और अब हम भी उसी नेतृत्व में देश के लिए काम करेंगे।

राघव चड्ढा ने आगे कहा कि राज्यसभा में आप के 10 सांसद हैं और दो-तिहाई से ज्यादा सांसद इस मुहिम में हमारे साथ हैं। उन्होंने पहले ही हस्ताक्षर कर दिए हैं, और आज सुबह हमने सभी जरूरी दस्तावेज, जिनमें हस्ताक्षरित पत्र और अन्य औपचारिक कागज़ात शामिल हैं, राज्यसभा के सभापति को सौंप दिए हैं। जैसा कि मैंने बताया, दो-तिहाई से ज़्यादा सांसद हमारा समर्थन कर रहे हैं और हम जल्द ही आपको पूरी सूची उपलब्ध करा देंगे। उनमें से तीन सांसद अभी आपके सामने यहां मौजूद हैं। इनके अलावा, विश्व-स्तरीय क्रिकेटर हरभजन सिंह, राजेंद्र गुप्ता, विक्रम साहनी और स्वाति मालीवाल भी शामिल हैं।

‘आप से तोड़ रहा हूँ सारे रिश्ते’ : संदीप पाठक

उन्होंने कहा कि पिछले कुछ समय से उन्हें लग रहा था कि वह गलत पार्टी में सही व्यक्ति हैं। इसी वजह से उन्होंने पार्टी से अलग होने का फैसला लिया है। वहीं, संदीप पाठक ने कहा, “मैंने अपने जीवन में कभी नहीं सोचा था कि ऐसा समय भी आएगा, लेकिन आज वह स्थिति सामने है। (Former AAP Leaders Name Full List) आज मैं आम आदमी पार्टी से अपने सभी रिश्ते समाप्त करने की घोषणा करता हूं। मैं एक किसान परिवार से आता हूं। कठिन परिस्थितियों में पढ़ाई-लिखाई की और हमेशा एक ही उद्देश्य रहा, देश के लिए कुछ सार्थक करना।”

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1. राघव चड्ढा ने AAP क्यों छोड़ी?

उन्होंने पार्टी पर मूल सिद्धांतों से भटकने और निजी हितों के लिए काम करने का आरोप लगाया।

2. AAP छोड़ने वाले प्रमुख नेता कौन-कौन हैं?

शांति भूषण, प्रशांत भूषण, योगेंद्र यादव, शाजिया इल्मी, आशुतोष सहित कई नेता पार्टी छोड़ चुके हैं।

3. क्या AAP में अंदरूनी संकट बढ़ रहा है?

लगातार नेताओं के इस्तीफे और आरोपों से पार्टी में असंतोष और आंतरिक संकट बढ़ता दिखाई दे रहा है।