नयी दिल्ली, 19 मार्च (भाषा) भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, दिल्ली ने हास्य, किस्सागोई और जीवंत कला के माध्यम से सामग्री इंजीनियरिंग की जटिल दुनिया को जीवंत बनाने के लिए अपनी तरह की पहली ‘कॉमिक’ शैली की विवरणिका तैयार की है। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
‘डिपार्टमेंट ऑफ मैटेरियल्स साइंस एंड इंजीनियरिंग – डिलीवरिंग ए मैटेरियल सफारी एक्सपीरियंस’ नामक कॉमिक के केंद्र में ‘प्रोफेसर पदार्थ’ नाम के एक पात्र हैं, जो कि हाल में पेश किया गया शुभंकर है।
एक विनोदपूर्ण मार्गदर्शक के रूप में प्रस्तुत, ‘प्रोफेसर पदार्थ’ एक जिज्ञासु छात्र के साथ जंगल सफारी-थीम वाली यात्रा पर जाते हैं, जो धातुओं और सिरेमिक से लेकर पॉलिमर, डेटा विज्ञान और उभरते स्मार्ट सामग्रियों तक, सामग्री विज्ञान के विविध क्षेत्रों से होकर गुजरती है।
अधिकारियों के अनुसार, इस मनोरंजक कथा शैली के माध्यम से, विवरणिका का उद्देश्य जटिल वैज्ञानिक अवधारणाओं को सरल बनाना और वास्तविक दुनिया के संबंधों को उजागर करना है जो सामग्री इंजीनियरिंग को प्रभावशाली और समझने योग्य बनाते हैं।
पदार्थ विज्ञान एवं अभियांत्रिकी विभाग के प्रमुख जयंत जैन ने कहा, ‘‘इसकी परिकल्पना विज्ञान, प्रौद्योगिकी, इंजीनियरिंग और गणित (स्टेम) के मनोरंजक पहलुओं को सामने लाने के एक नये युग की शुरुआत करने के लिए की गई है। सामग्री इंजीनियरिंग एक बेहद रचनात्मक और प्रेरणादायक क्षेत्र है, और हम एक ऐसा माध्यम चाहते थे जो छात्रों और गैर-प्रैद्योगिकी पृष्ठभूमि वाले लोगों, दोनों को समान रूप से आकर्षित कर सके।’’
जैन ने कहा, ‘‘प्रोफेसर पदार्थ के रोमांचक कारनामों के माध्यम से, हम जिज्ञासा जगाने और उन सामग्रियों को समझने के रोमांच को प्रदर्शित करने की उम्मीद करते हैं जो हमारी दुनिया को आकार देती हैं।’’
भाषा सुभाष रंजन
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