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नयी दिल्ली, 28 जनवरी (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को कहा कि भारत द्वारा कई देशों के साथ किये गए मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) और एक दिन पहले दिल्ली में भारत- यूरोपीय संघ के बीच हुए ‘ऐतिहासिक’ एफटीए से लाखों भारतीय युवाओं के लिए अवसर के अनगिनत द्वार खुलेंगे।
उन्होंने दिल्ली छावनी में आयोजित वार्षिक ‘राष्ट्रीय कैडेट कोर पीएम रैली’ को संबोधित करते हुए कहा कि पूरी दुनिया भारत के युवाओं को ‘बहुत भरोसे’ से देख रही है और इस भरोसे का कारण ‘कौशल और संस्कार’ है।
मोदी ने कहा, ‘‘मैंने लाल किले से संबोधित करते हुए कहा था, ‘यही समय है, सही समय है’। देश के युवाओं के लिए यह अधिकतम अवसरों का समय है।’’
उन्होंने रेखांकित किया कि सरकार का प्रयास यह सुनिश्चित करना है कि युवाओं को इस अवधि का ‘अधिक से अधिक लाभ’ मिले।
प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘इसका एक उदाहरण आपने कल ही देखा। भारत और यूरोपीय संघ ने एक ऐतिहासिक मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) पर सहमति जताई। इससे पहले, भारत ने ओमान, न्यूजीलैंड, ब्रिटेन, संयुक्त अरब अमीरात, ऑस्ट्रेलिया और मॉरीशस जैसे देशों के साथ मुक्त व्यापार समझौते किए हैं। इन सभी समझौतों से हमारे लाखों युवाओं के लिए अवसर के अनगिनत द्वार खुलेंगे।’’
भारत और यूरोपीय संघ ने मंगलवार को एक ऐतिहासिक मुक्त व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर किए। इसे अबतक का सबसे बड़ा व्यापार समझौता कहा जा रहा है। इसका उद्देश्य दो अरब लोगों का बाजार तैयार करना है।
प्रधानमंत्री मोदी और यूरोपीय संघ के शीर्ष नेतृत्व ने नियम-आधारित विश्व व्यवस्था की रक्षा के लिए व्यापार और रक्षा का बड़े पैमाने पर लाभ उठाने हेतु एक परिवर्तनकारी पांच वर्षीय एजेंडे का अनावरण किया।
अमेरिका के साथ तनावपूर्ण संबंधों के बीच मोदी द्वारा यूरोपीय संघ के नेताओं उर्सुला फॉन डेर लायन और एंटोनियो कोस्टा की शिखर वार्ता की मेजबानी के बाद दोनों पक्षों ने दो महत्वपूर्ण समझौतों पर हस्ताक्षर किए। इनमें से एक सुरक्षा और रक्षा सहयोग से जुड़ा है जबकि दूसरा समझौता यूरोप में भारतीय प्रतिभाओं की आवाजाही से संबंधित है।
भाषा धीरज प्रशांत
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