कारगिल विजय दिवस : पंजाब, हरियाणा के मुख्यमंत्रियों ने सैनिकों को श्रद्धांजलि दी

कारगिल विजय दिवस : पंजाब, हरियाणा के मुख्यमंत्रियों ने सैनिकों को श्रद्धांजलि दी

कारगिल विजय दिवस : पंजाब, हरियाणा के मुख्यमंत्रियों ने सैनिकों को श्रद्धांजलि दी
Modified Date: July 26, 2026 / 02:19 pm IST
Published Date: July 26, 2026 2:19 pm IST

चंडीगढ़, 26 जुलाई (भाषा) पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान और हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 1999 के कारगिल युद्ध में अपने प्राणों की आहुति देने वाले सैनिकों को रविवार को कारगिल विजय दिवस की 27वीं वर्षगांठ पर श्रद्धांजलि दी।

मान ने यहां बोगनवेलिया गार्डन स्थित युद्ध स्मारक पर पुष्पचक्र अर्पित किया और कारगिल युद्ध में शहीद हुए वीर सैनिकों को नमन किया।

उन्होंने कहा कि कारगिल विजय दिवस युद्ध के दौरान दिखाई गई भारतीय सशस्त्र बलों की असाधारण वीरता का प्रतीक है।

मान ने कहा कि मौसम की विषम परिस्थितियों में देश की सीमाओं की रक्षा करने वाले वीर सपूतों का राष्ट्र सदैव ऋणी रहेगा।

उन्होंने पत्रकारों से कहा, ‘‘1999 के कारगिल युद्ध में 527 सैनिक शहीद हुए थे जिनमें करीब 65 पंजाब के थे।’’

मान ने इस अवसर पर कारगिल युद्ध के कुछ शहीदों के परिजनों से भी मुलाकात की।

उन्होंने कहा, ‘‘शहीद केवल एक परिवार के नहीं होते। वे राष्ट्र के लिए अपने प्राणों का बलिदान देते हैं और पूरा देश उनका परिवार बन जाता है।’’

हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने भी दुर्गम पर्वत चोटियों पर अदम्य साहस और शौर्य का परिचय देकर कारगिल में तिरंगा फहराने वाले सैनिकों को श्रद्धांजलि दी।

सैनी ने ‘एक्स’ पर लिखा , ‘‘हिमालय की दुर्गम चोटियों पर अदम्य साहस, शौर्य और पराक्रम का परिचय देते हुए कारगिल विजय का स्वर्णिम इतिहास रचने वाले भारत माता के वीर सपूतों को कारगिल विजय दिवस पर कोटि-कोटि नमन। मातृभूमि की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले वीर जवानों का अमर बलिदान, अटूट संकल्प और अद्वितीय वीरता प्रत्येक भारतीय के लिए प्रेरणास्रोत है। उनका शौर्य देश के युवाओं में राष्ट्रभक्ति की अखंड ज्योति को सदैव प्रज्ज्वलित रखेगा।’’

कारगिल विजय दिवस 26 जुलाई 1999 को ‘ऑपरेशन विजय’ की सफल समाप्ति की स्मृति में मनाया जाता है।

यह दिवस 1999 की उस गौरवशाली जीत का प्रतीक है, जब भारतीय सैनिकों ने बर्फ से ढकी चोटियों और पाकिस्तानी सैनिकों की लगातार गोलीबारी का सामना करते हुए लेह के कारगिल क्षेत्र में ऊंचाई पर स्थित रणनीतिक चौकियों को फिर से अपने नियंत्रण में लिया था। इस सीमित सैन्य अभियान को ‘ऑपरेशन विजय’ नाम दिया गया था।

भाषा

सिम्मी सुभाष

सुभाष


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