कन्नूर (केरलम), 27 सितंबर (भाषा) केरलम के मंत्री सनी जोसेफ ने कहा है कि वह केंद्र से डेयरी खेती को ‘वीबी-जी राम जी’ योजना के दायरे में शामिल करने का आग्रह करेंगे, ताकि किसानों को उत्पादन लागत में लगातार हो रही बढ़ोतरी से राहत मिल सके।
जोसेफ ने कहा कि डेयरी किसान और डेयरी समूह इस क्षेत्र की रीढ़ हैं तथा उत्पादन लागत में वृद्धि उनके सामने सबसे बड़ी चुनौती है।
उन्होंने कहा कि इस समस्या के समाधान के लिए उन्होंने कई मांगें रखी हैं, जिनमें सबसे महत्वपूर्ण डेयरी क्षेत्र को ‘विकसित भारत–गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण)’ (वीबी-जी राम जी) योजना के तहत शामिल करना है।
जिला प्रशासन की ओर से जारी एक विज्ञप्ति के अनुसार, राज्य के बिजली मंत्री जोसेफ शनिवार को यहां एडक्कड़ में आयोजित प्रखंड स्तरीय डेयरी सम्मेलन के उद्घाटन सत्र को संबोधित कर रहे थे।
जोसेफ ने कहा कि वह केंद्र से इस मांग पर विचार करने का अनुरोध करेंगे, क्योंकि डेयरी किसानों के सामने आने वाली कठिनाइयों का असर इससे जुड़े समूहों और उद्यमों पर भी पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि कई परिवार लंबे समय से पशुपालन को आजीविका के साधन के रूप में अपनाए हुए हैं, जबकि इस क्षेत्र में कई बड़े और छोटे फार्म भी शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि चारा और चारा घास के उत्पादन सहित कई संबद्ध गतिविधियां भी डेयरी क्षेत्र पर निर्भर हैं।
जोसेफ ने कहा कि राज्य सरकार से मिलने वाली सहायता के अलावा डेयरी समूह किसानों को प्रोत्साहित करने के लिए कई योजनाएं लागू कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि डेयरी खेती के क्षेत्र में इस तरह बदलाव लाने की जरूरत है कि युवा पीढ़ी भी इस पेशे की ओर आकर्षित हो।
भाषा गोला रंजन
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