नयी दिल्ली/ मुंबई, 16 मार्च (भाषा) विपक्षी दलों द्वारा देश में एलपीजी गैस की कमी को लेकर सरकार को संसद से सड़क तक घेरने की कोशिश के बीच कई राज्यों में प्रशासन ने सोमवार को एलपीजी सिलेंडर की जमाखोरी और कालाबाजारी के खिलाफ कार्रवाई शुरू की।
राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि सरकार ने दावा किया था कि ईरान-अमेरिका-इजराइल संघर्ष से एलपीजी की आपूर्ति प्रभावित नहीं हुई है, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही है।
इस पर केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए विपक्षी दलों, विशेषकर कांग्रेस पर, जनता के साथ खड़े होने के बजाय उन्हें उकसाने का आरोप लगाया।
संसद में राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के बीच, पश्चिम बंगाल में रसोई गैस संकट के खिलाफ कोलकाता में एक विरोध मार्च निकाला गया और राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने दावा किया कि यह समस्या ‘‘कृत्रिम रूप से पैदा की गई’’ है।
इस बीच, घरेलू रसोई गैस सिलेंडर के अवैध भंडारण की जांच के लिए कई राज्यों में छापेमारी की गई।
महाराष्ट्र के ठाणे जिले के भिवंडी कस्बे में एक निजी परिसर से 2.22 लाख रुपये मूल्य के 84 अवैध रूप से जमाकर रखे गए एलपीजी सिलेंडर जब्त किए गए। इस मामले में आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत तीन व्यक्तियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
एक अधिकारी ने बताया कि 84 सिलेंडर में से 34 भरे हुए थे और बाकी खाली थे।
महाराष्ट्र के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री छगन भुजबल ने राज्य सरकार द्वारा गैस सिलेंडर की जमाखोरी और अवैध व्यापार के खिलाफ की गई कार्रवाई की जानकारी देते हुए बताया कि 23 मामले दर्ज किए गए हैं और 18 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
महाराष्ट्र विधान परिषद में कांग्रेस के अभिजीत वंजारी द्वारा उठाए गए मुद्दे का जवाब देते हुए, भुजबल ने पश्चिम एशिया संकट के बीच कीमतों को नियंत्रण में रखने के लिए राज्य सरकार द्वारा उठाए गए कदमों की जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने जिला स्तर पर कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक की समितियां गठित की हैं, जिन्होंने छापेमारी की 2,129 कार्रवाई की है और 1,208 सिलेंडर और 33,66,411 रुपये मूल्य का सामान जब्त किया।
दिल्ली पुलिस ने सोमवार को बताया कि राष्ट्रीय राजधानी में एलपीजी सिलेंडरों के अवैध भंडारण, रीफिलिंग और कालाबाजारी के संबंध में कम से कम छह प्राथमिकी दर्ज की गई हैं और संभावित आपूर्ति की कमी की आशंकाओं के बीच 600 से अधिक सिलेंडर जब्त किए गए हैं।
इस बीच, पूर्वी दिल्ली के शकरपुर में पुलिस ने 46 वर्षीय योगेश गुप्ता नामक एक व्यक्ति को उसकी दुकान पर बड़े घरेलू सिलेंडरों से छोटे सिलेंडरों में गैस भरते हुए गिरफ्तार किया।
उसने बताया कि बाहरी उत्तरी दिल्ली में दो मामले दर्ज किए गए, जबकि पूर्वी दिल्ली के शकरपुर, उत्तरी दिल्ली के रोहिणी और शाहदरा के गांधी नगर में एक-एक मामला दर्ज किया गया। इनके अलावा मुंडका में एक मामला दर्ज किया गया।
अधिकारियों ने बताया कि अपराध शाखा ने मुंडका में गुरुजी इंडेन गैस सर्विस के नाम से चल रहे एक गोदाम पर छापा मारा और विभिन्न कंपनियों के 610 एलपीजी सिलेंडर बरामद किए।
पुलिस उपायुक्त (अपराध) संजीव कुमार यादव ने बताया कि छापेमारी में कई गैस विपणन कंपनियों के व्यावसायिक एलपीजी सिलेंडर एक ही परिसर में एक साथ रखे मिले, जबकि यह परिसर केवल इंडेन के व्यावसायिक सिलेंडर के वितरण के लिए अधिकृत था।
, उन्होंने बताया,‘‘बरामद स्टॉक में 423 इंडेन सिलेंडर, 92 भारत गैस सिलेंडर और 95 एचपी गैस सिलेंडर शामिल हैं, जिनमें भरे और खाली दोनों सिलेंडर हैं।’’
जम्मू में, गैस सिलेंडर की अफरा-तफरी और आपूर्ति में देरी की शिकायतों के मद्देनजर प्रशासन ने कई एलपीजी एजेंसियों की जांच की। नियमों का कथित तौर पर उल्लंघन करने वाले कुछ गैस सिलेंडर डीलर के खिलाफ कार्रवाई की गई।
अधिकारियों ने बताया कि रसोई गैस की कोई कमी नहीं है और लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने का आग्रह किया। हालांकि, पिछले कुछ दिनों में जम्मू में कई एलपीजी गैस एजेंसियों के सामने लंबी कतारें देखी गईं।
केंद्र सरकार ने दावा किया है कि देश में कच्चे तेल और एलपीजी की पर्याप्त आपूर्ति है। झारखंड के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने हालांकि सोमवार को विधानसभा में कहा कि राज्य में घरेलू और व्यावसायिक दोनों प्रकार की एलपीजी आपूर्ति की कमी का सामना करना पड़ रहा है, जिससे घरों की रसोई के साथ-साथ होटल, कैंटीन और रेस्तरां जैसे व्यवसाय भी प्रभावित होने की आशंका है।
केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने सोमवार को केंद्र सरकार से आगामी त्योहारों के मौसम को देखते हुए राज्य के घरों को दो महीने की अवधि के लिए एक अतिरिक्त घरेलू एलपीजी सिलेंडर के अस्थायी आवंटन की अनुमति देने का अनुरोध किया।
उन्होंने रमजान, ईस्टर और विशु जैसे आगामी त्योहारों के मद्देनजर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को पत्र लिखा।
विजयन ने रेखांकित किया कि केरल में देश में एलपीजी पर निर्भरता का स्तर सबसे अधिक है, जहां 95 प्रतिशत से अधिक परिवार खाना पकाने के लिए लगभग पूरी तरह से एलपीजी पर निर्भर हैं।
दिल्ली स्थित जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय के छात्र संघ (जेएनयूएसयू) ने सोमवार को कहा कि एलपीजी आपूर्ति संकट के बीच परिसर में मेस और ढाबों के सुचारू और निर्बाध संचालन को सुनिश्चित करने वाले एहतियाती उपायों की मांग को लेकर ‘डीन ऑफ स्टूडेंट्स’ के कार्यालय तक मार्च निकाला जाएगा।
इसके विपरीत, गुजरात सरकार ने कहा कि उसके पास तरल पेट्रोलियम गैस (एलपीजी) का पर्याप्त भंडार है और आपूर्ति शृंखला निर्बाध बनी हुई है।
गुजरात के खाद्य, नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता मामले विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव मोना खांधार ने यहां आयोजित संवाददाता सम्मेलन में कहा कि सरकार ने घरेलू या वाणिज्यिक सिलेंडर पर कोई पाबंदी नहीं लगायी है और सभी क्षेत्रों में ईंधन की सुचारू उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए कदम उठा रही है।
उन्होंने कहा, ‘‘एलपीजी की आपूर्ति में कोई बाधा न आए, यह सुनिश्चित करने के लिए जिलों में गठित दल, पुलिस, तेल विपणन कंपनियां और हमारी राज्य-स्तरीय टीम लगातार समन्वय कर रही हैं। हमें लगातार एलपीजी की आपूर्ति प्राप्त हो रही है और एजेंसियों के पास ‘बफर स्टॉक’ भी बढ़ रहा है।’’
दिल्ली में पेट्रोलियम मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि पश्चिम एशिया संघर्ष के कारण पैदा हुए आपूर्ति संकट के बीच शहरी गैस वितरण कंपनियों ने उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर के बजाय ‘पाइप से मिलने वाली रसोई गैस’ (पीएनजी) को अपनाने के लिए प्रोत्साहन योजनाएं शुरू की हैं।
पेट्रोलियम मंत्रालय में संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने कहा कि इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड (आईजीएल) दिल्ली और आसपास के शहरों में पीएनजी कनेक्शन लेने वाले घरेलू उपभोक्ताओं को 31 मार्च से पहले उपयोग शुरू करने पर 500 रुपये तक की मुफ्त गैस दे रही है।
इसी तरह, मुंबई स्थित महानगर गैस लिमिटेड (एमजीएल) ने घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 500 रुपये का पंजीकरण शुल्क माफ करने और वाणिज्यिक उपयोगकर्ताओं के लिए एक से पांच लाख रुपये तक की सुरक्षा जमा राशि में छूट देने की घोषणा की है।
पश्चिम एशिया में तनाव के कारण होर्मुज जलडमरूमध्य के रास्ते मालवाहक जहाजों की आवाजाही बाधित होने से हालांकि ऊर्जा आपूर्ति पर दबाव बना है। भारत अपनी जरूरत का लगभग 88 प्रतिशत कच्चा तेल, 50 प्रतिशत प्राकृतिक गैस और 60 प्रतिशत एलपीजी आयात करता है जिनमें से बड़ा हिस्सा पश्चिम एशिया से ही आता है।
पश्चिम एशिया में संघर्ष की वजह से खाड़ी देशों से ऊर्जा आपूर्ति के मुख्य पारगमन मार्ग, होर्मुज जलडमरूमध्य की नाकाबंदी कर दी गई है। भारत ने रूस सहित अन्य देशों से तेल प्राप्त करके कच्चे तेल की आपूर्ति में आई बाधाओं की कुछ हद तक भरपाई कर ली है, लेकिन औद्योगिक उपयोगकर्ताओं को गैस की आपूर्ति कम कर दी गई है, और होटल एवं रेस्तरां जैसे वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों को एलपीजी की उपलब्धता में एक-पांचवें हिस्से की कमी आई है।
भाषा धीरज दिलीप
दिलीप