ममता बनर्जी ने अधिकारी परिवार के असली चेहरे को न पहचान पाने के लिए खुद को दोषी ठहराया

ममता बनर्जी ने अधिकारी परिवार के असली चेहरे को न पहचान पाने के लिए खुद को दोषी ठहराया

ममता बनर्जी ने अधिकारी परिवार के असली चेहरे को न पहचान पाने के लिए खुद को दोषी ठहराया
Modified Date: November 29, 2022 / 08:05 pm IST
Published Date: March 21, 2021 10:45 am IST

कांथी दक्षिण (पश्चिम बंगाल), 21 मार्च (भाषा) पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी ने रविवार को पूर्ब मेदिनीपुर जिले के प्रभावशाली अधिकारी परिवार के ‘असली चेहरे’ को नहीं पहचान पाने के लिए खुद को दोषी ठहराया।

गौरतलब है कि आगामी विधानसभा चुनाव के लिए नंदीग्राम विधानसभा क्षेत्र से ममता बनर्जी और शुभेंदु अधिकारी चुनावी मैदान में आमने-सामने हैं।

बनर्जी ने यहां एक चुनावी रैली में अधिकारी पर जमकर निशाना साधा और कहा कि उन्होंने यह भी सुना था कि अधिकारी परिवार ने 5,000 करोड़ रुपये का साम्राज्य खड़ा किया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सत्ता में आने के बाद वह इसकी जांच करवाएंगी।

जिले में काफी राजनीतिक दबदबा रखने वाले अधिकारी परिवार के अधिकांश सदस्य या तो भाजपा में शामिल हो गए हैं या भगवा पार्टी में शामिल होने की इच्छा व्यक्त की है।

शुभेंदु अधिकारी के पिता व वरिष्ठ टीएमसी सांसद शिशिर अधिकारी रविवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेताओं की उपस्थिति में रविवार को भाजपा में शामिल हो गए।

उन्होंने अधिकारी परिवार की तुलना ‘मीर जाफ़र’ (गद्दार) से की और कहा कि क्षेत्र के लोग इसे बर्दाश्त नहीं करेंगे और अपने वोट से इसका जवाब देंगे।

बनर्जी ने रैली में कहा, ‘मैं कहती हूं कि मैं बहुत बड़ी मूर्ख हूं (आमी एकटा बरा गधा) कि उन्हें पहचान नहीं पाई। मुझे नहीं पता, लेकिन लोगों का कहना है कि उनका ‘साम्राज्य’ 5,000 करोड़ रुपये का है और वे वोट खरीदने के लिए पैसे का इस्तेमाल करेंगे। लेकिन आप लोग उन्हें वोट न दें।’

टीएमसी प्रमुख ने भाजपा को ‘दुष्टों और गुंडों’ की पार्टी करार दिया।

भाषा कृष्ण दिलीप

दिलीप


लेखक के बारे में