ममता ने बंगाल की महिलाओं से कहा- बाहर से लाये गए भाजपा के गुंडो का मुकाबला करछी से करिए

ममता ने बंगाल की महिलाओं से कहा- बाहर से लाये गए भाजपा के गुंडो का मुकाबला करछी से करिए

ममता ने बंगाल की महिलाओं से कहा- बाहर से लाये गए भाजपा के गुंडो का मुकाबला करछी से करिए
Modified Date: November 29, 2022 / 08:20 pm IST
Published Date: March 27, 2021 12:58 pm IST

कोलकाता, 27 मार्च (भाषा) पश्चिम बंगाल में लोगों को अपने मताधिकार का इस्तेमाल करने से रोकने के लिए बाहर से गुंडे लाने का भाजपा पर आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शनिवार को महिलाओं से कहा कि इनका मुकाबला ‘‘करछी’’ और रसोई के अन्य बर्तनों से करिए।

तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ने पश्चिम मेदिनीपुर जिला के नारायणगढ़ और पिंगला में दो चुनावी रैलियों को संबोधित करते हुए अपने प्रतिद्वंद्वी शुभेंदु अधिकारी और उनके परिवार को ‘‘गद्दार’’ करार दिया। साथ ही, ममता ने आरोप लगाया कि इस परिवार का एक सदस्य राज्य में 30 विधानसभा सीटों पर मतदान होने से कुछ घंटे पहले शुक्रवार रात लोगों को नोट बांट रहा था।

उन्होंने कहा, ‘‘कल, अधिकारी बंधुओं में एक को नोट बांटते देखा गया था…इलाके में महिलाओं ने उसे रंगे हाथ पकड़ लिया और पुलिस को उसे गिरफ्तार करने को कहा। उन्होंने 30 से अधिक गुंडों को भी (पुलिस के) हवाले कर दिया, उन सभी को भाजपा ने बाहर से मंगाया था।’’

ममता ने कहा कि प्रथम चरण के मतदान (27 मार्च) के बाद भगवा पार्टी की किस्मत सील हो जाएगी।

तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ने कहा, ‘‘भाजपा बंगाल के बाहर से उन स्थानों पर गुंडे ला रही है, जहां उसकी कुछ पकड़ है। मैं राज्य की महिलाओं से करछी लेकर बाहर आने और इनका मुकाबला करने का अनुरोध करूंगी।’’

उन्होंने चुनाव आयोग से भी यह सुनिश्चित करने का आग्रह किया कि मतदान निष्पक्ष तरीके से हो।

मुख्यमंत्री ने केंद्रीय गृह मंत्री (अमित शाह) पर तंज करते हुए कहा, ‘‘दिल्ली के अमित शाह बंगाल में मतदान कराना चाहते हैं। चुनाव आयोग से मैं अनुरोध करती हूं कि उसे यह सुनिश्चित करना चाहिए कि चुनाव स्वतंत्र, निष्पक्ष और बगैर पक्षपात के हो।’’

ममता ने यह भी कहा कि वह पूरब मेदिनीपुर के नंदीग्राम विधानसभा क्षेत्र में मीर जाफरों (गद्दारों) पर नजर रखने के लिए वहां रूकेंगी। इस सीट पर एक अप्रैल को चुनाव होना है।

गौरतलब है कि अधिकारी परिवार के तीन सदस्यों ने पिछले कुछ महीनों में तृणमूल कांग्रेस छोड़ दिया और भाजपा का दामन थाम लिया। इस परिवार की पूरब मेदिनीपुर में अच्छी खासी पकड़ मानी जाती है।

ममता का नंदीग्राम में मुकाबला शुभेंदु से है, जो कभी तृणमूल कांग्रेस प्रमुख के करीबी नेता रहे थे।

मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘मैंने उन्हें महत्वपूर्ण सार्वजनिक पद दिये थे। लेकिन उन्होंने तृणमूल कांग्रेस को धोखा दिया और भाजपा में चले गये…उन्हें पैसों का लालच दिया गया था।’’

भाषा

सुभाष दिलीप

दिलीप


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