मीरवाइज ने जम्मू-कश्मीर के मदरसे को गैरकानूनी घोषित किए जाने को ‘उत्पीड़न’ बताया

मीरवाइज ने जम्मू-कश्मीर के मदरसे को गैरकानूनी घोषित किए जाने को ‘उत्पीड़न’ बताया

मीरवाइज ने जम्मू-कश्मीर के मदरसे को गैरकानूनी घोषित किए जाने को ‘उत्पीड़न’ बताया
Modified Date: April 27, 2026 / 08:42 pm IST
Published Date: April 27, 2026 8:42 pm IST

श्रीनगर, 27 अप्रैल (भाषा) कश्मीर के प्रमुख मौलाना मीरवाइज उमर फारूक ने सोमवार को कहा कि जम्मू-कश्मीर के शोपियां में एक शैक्षणिक संस्थान को यूएपीए के तहत गैर-कानूनी संस्थान घोषित करना ‘‘उत्पीड़न और अधिकारों से वंचित करने’’ की नीति का हिस्सा है।

जम्मू-कश्मीर प्रशासन द्वारा दक्षिण कश्मीर जिले में स्थित दारुल उलूम जामिया सिराजुल उल उलूम को आतंकवाद रोधी कानून के तहत गैरकानूनी संस्थान घोषित करने पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए, मीरवाइज ने इस मुद्दे पर निर्वाचित सरकार की निष्क्रियता पर भी सवाल उठाया।

मीरवाइज ने ‘एक्स’ पर कहा, ‘‘पहले तो कई एजेंसियां ​​अलग-अलग बहाने बनाकर नागरिकों के पीछे पड़ जाती हैं। फिर स्थानीय लोगों की संपत्तियां जब्त कर ली जाती हैं। कथित कदाचार के विरोध में प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर जन सुरक्षा अधिनियम (पीएसए) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें बाहर की जेलों में भेज दिया जाता है, जिससे उनका जीवन और करियर बर्बाद हो जाता है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘एक मौजूदा सांसद को गंभीर रूप से बीमार अपने पिता से मिलने के लिए जमानत देने से इनकार कर दिया जाता है और अब वंचितों की सेवा करने और विद्वानों, डॉक्टरों, इंजीनियरों और पेशेवरों को तैयार करने की समृद्ध विरासत वाले एक प्रमुख शिक्षण संस्थान को कड़े यूएपीए (गैर कानूनी गतिविधियां कानून) के तहत गैरकानूनी घोषित कर दिया गया है।’’

उन्होंने कहा कि उपराज्यपाल प्रशासन को जनता को बताना चाहिए कि इस तरह का ‘‘उत्पीड़न’’ कब तक जारी रहेगा।

मीरवाइज ने कहा, ‘‘क्या उपराज्यपाल प्रशासन कश्मीर की जनता को स्पष्ट रूप से बता सकता है कि उत्पीड़न और अधिकारों से वंचित करने की यह नीति कब तक जारी रहेगी? और क्या निर्वाचित सरकार हमें बता सकती है कि वे इसे कब तक होने देंगे?’’

कश्मीर के संभागीय आयुक्त अंशुल गर्ग ने शोपियां के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक की रिपोर्ट के आधार पर दो पन्नों का आदेश जारी किया। इस रिपोर्ट में दक्षिण कश्मीर के शोपियां जिले के इमाम साहिब स्थित दारुल उलूम जामिया सिराजुल उलूम में कथित अवैध गतिविधियों की ओर इशारा किया गया है।

भाषा आशीष वैभव

वैभव


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