कोझिकोड, 19 जनवरी (भाषा) केरल राज्य मानवाधिकार आयोग ने यौन उत्पीड़न के आरोपी युवक की आत्महत्या मामले में पुलिस जांच का आदेश दिया है। युवक फंदे से लटका मिला था।
इससे पहले एक महिला ने सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट कर आरोप लगाया था कि युवक ने बस में उसका यौन उत्पीड़न किया था।
आयोग के न्यायिक सदस्य के. बैजुनाथ ने उत्तर क्षेत्र के पुलिस उपमहानिरीक्षक (डीआईजी) को घटना की जांच करने और एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया।
आयोग के एक बयान में कहा गया है कि इस मामले पर 19 फरवरी को आयोग की जिले में होने वाली बैठक में विचार किया जाएगा।
शिकायतों के अनुसार, महिला ‘कंटेंट क्रिएटर’ द्वारा वीडियो को सार्वजनिक करने के बाद युवक कथित तौर पर मानसिक रूप से परेशान हो गया जिसके कारण उसने आत्महत्या कर ली।
आयोग ने अधिवक्ता वी देवदास और ए रहीम पूक्कथ द्वारा दर्ज कराई गई शिकायतों के आधार पर कार्रवाई शुरू की।
पुलिस ने बताया कि दीपक यू (42) के खिलाफ बस में एक महिला यात्री से दुर्व्यवहार का आरोप लगाने वाला एक वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया था। युवक रविवार को यहां अपने आवास पर फंदे से लटका हुआ मृत पाया गया।
पुलिस के अनुसार, दीपक के माता-पिता ने सुबह उसे जगाने के लिए उसके कमरे का दरवाजा खटखटाया, लेकिन बार-बार कोशिश करने के बावजूद कोई जवाब नहीं मिला।
रिश्तेदारों ने बताया कि दीपक एक कपड़ा कंपनी में काम करता था और काम के सिलसिले में शुक्रवार को कन्नूर गया था। एक रिश्तेदार ने पत्रकारों को बताया कि उस दिन दीपक जिस बस में यात्रा कर रहा था महिला यात्री भी उसके साथ उसी बस में थी। महिला ने वीडियो बनाकर आरोप लगाया था कि दीपक ने उसके साथ दुर्व्यवहार किया।
रिश्तेदारों के अनुसार, दीपक ने आरोपों से इनकार किया और वीडियो सामने आने के बाद से वह गंभीर मानसिक तनाव में था।
पुलिस ने अस्वाभाविक मौत का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
भाषा सुरभि अविनाश
अविनाश