पंजाब: अदालत ने संगरूर आत्महत्या मामले की जांच पर स्थिति रिपोर्ट मांगी

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पंजाब: अदालत ने संगरूर आत्महत्या मामले की जांच पर स्थिति रिपोर्ट मांगी

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  • Publish Date - September 16, 2026 / 08:14 PM IST,
    Updated On - September 16, 2026 / 08:14 PM IST

चंडीगढ़, 16 सितंबर (भाषा) पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय ने पंजाब सरकार को संगरूर में दलित व्यक्ति गुलजार सिंह की मौत की जांच के संबंध में एक स्थिति रिपोर्ट दाखिल करने का बुधवार को निर्देश दिया।

गुलजार सिंह ने संगरूर जिले में कथित तौर पर आत्महत्या कर ली थी। उनके परिवार ने आरोप लगाया है कि सिंह को एक कार्यक्रम के दौरान चीमा से उनके इलाके में मादक पदार्थों की तस्करी के बारे में सवाल पूछने के कारण प्रताड़ित किया गया।

मुख्य न्यायाधीश अश्वनी कुमार मिश्रा और न्यायमूर्ति रोहित कपूर की खंडपीठ ने इस मामले में सीबीआई जांच के अनुरोध वाली एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए यह निर्देश दिया। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई के लिए छह अक्टूबर की तारीख तय की।

याचिकाकर्ता रवींद्र सिंह सांपला ने बताया कि अदालत ने पंजाब सरकार को घटना की उचित जांच करने और स्थिति रिपोर्ट दाखिल करने को कहा है।

सांपला ने कहा कि उन्होंने दिहाड़ी मजदूर की मौत की सीबीआई जांच का अनुरोध किया है, क्योंकि उन्हें आशंका है कि पंजाब पुलिस मामले की निष्पक्ष जांच नहीं करेगी।

संगरूर के दिड़बा के तुरबनजारा गांव के रहने वाले गुलजार सिंह की 7 सितंबर को कथित तौर पर जहर खाने से मौत हो गई थी। उनके परिवार ने आरोप लगाया है कि दिड़बा में एक कार्यक्रम के दौरान वित्त मंत्री चीमा से उनके क्षेत्र में मादक पदार्थ की तस्करी के बारे में सवाल करने के बाद उन्हें प्रताड़ित किया गया और जातिसूचक अपशब्द कहे गए।

इसके बाद, सिंह के अंतिम पलों का एक वीडियो सामने आया। वीडियो में सिंह वित्त मंत्री से सवाल करने के बारे में बात करते दिख रहे हैं, जिसके बाद विपक्षी दलों ने वित्त मंत्री चीमा और मुख्यमंत्री भगवंत मान के इस्तीफे की मांग की है।

गुलजार सिंह की मौत के सिलसिले में पंजाब पुलिस द्वारा एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया है।

यह मामला भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 108 (आत्महत्या के लिए उकसाना) और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के प्रासंगिक प्रावधानों के तहत दर्ज किया गया है। प्राथमिकी पांच ग्रामीणों – बलजीत सिंह, सुखदेव सिंह, विक्की सिंह, गोना सिंह और बलजिंदर कौर के खिलाफ दर्ज की गई है।

गुलजार सिंह की कथित आत्महत्या के बाद राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। विपक्षी दलों ने मान मंत्रिमंडल से चीमा को बर्खास्त करने और मामले की स्वतंत्र जांच की मांग की है।

वहीं, पंजाब में सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी (आप) ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा), कांग्रेस और शिरोमणि अकाली दल पर पलटवार करते हुए उन पर एक दुखद मौत का राजनीतिक लाभ उठाने का प्रयास करने का आरोप लगाया है।

भाषा अमित नरेश

नरेश