(तस्वीरों के साथ)
इडुक्की (केरल), छह मार्च (भाषा) कुट्टिक्कानम के मरियन कॉलेज की छात्रा दिनाश्री इस बात से काफी खुश है कि शुक्रवार को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने उसके साथ केरल की पारंपरिक मार्शल आर्ट कला कलरिपयट्टू के कुछ चरण (स्टेप) किये।
गांधी ने एक संवाद कार्यक्रम के तहत कॉलेज का दौरा किया।
त्रिपुनिथुरा की दिनाश्री इस कॉलेज से समाज कार्य में स्नातक की पढ़ाई कर रही है।
दिनाश्री ने ‘पीटीआई’ से कहा कि जब कॉलेज ने विद्यार्थियों को गांधी के साथ बातचीत के दौरान प्रश्न पूछने के लिए आमंत्रित किया तो वह भी अपनी मर्जी से उसमें शामिल हुई।
बाद में, शिक्षकों ने पूछा कि क्या मार्शल आर्ट में प्रशिक्षित कोई विद्यार्थी इसका प्रदर्शन कर सकता है, क्योंकि गांधी को इसमें दिलचस्पी है, तब दिनाश्री को कांग्रेस नेता के सामने प्रदर्शन करने का अवसर मिला।
उसने कहा, “जब राहुल गांधी आए, तो मुझे उनसे मार्शल आर्ट के बारे में थोड़ी बातचीत करने का मौका मिला और मैंने उनसे जूडो के बारे में पूछा, जो उन्हें पसंद है। बातचीत के दौरान, मुझे पूर्व राष्ट्रपति ए पी जे अब्दुल कलाम की विद्यार्थियों के साथ बातचीत की एक तस्वीर याद आ गई, जिसके बारे में मैंने स्कूल में पढ़ा था।”
दिनाश्री के आग्रह पर, गांधी ने उसके साथ कलरिपयट्टू के कुछ चरण किये।
गांधी के आग्रह पर कांग्रेस सांसद के.सी. वेणुगोपाल और डीन कुरियाकोस भी उनके साथ शामिल हुए, लेकिन वे इसे पूरा नहीं कर पाये।
गांधी ने दिनाश्री के चरणों का अनुकरण किया, जिसमें अपने पैरों को हवा में ऊपर उठाकर हाथों को छूना था।
दिनाश्री ने कहा, “भले ही उन्होंने कहा कि उनके शरीर में बहुत लचीलापन नहीं हैं, फिर भी उन्होंने अच्छा प्रदर्शन किया। मुझे यह भी पता चला कि मार्शल आर्ट के अलावा, वह फिट रहने के लिए योग भी करते हैं।”
दिनाश्री पिछले आठ वर्षों से त्रिपुनिथुरा में अपने गुरु विकास के मार्गदर्शन में उत्तरी शैली के कलरिपयट्टू का अभ्यास कर रही है।
उसने कहा,“निश्चित रूप से, मैं इससे प्रेरणा लेकर कलारी का अभ्यास जारी रखूंगी।”
गांधी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर कलरिपयट्टू का वीडियो भी साझा किया।
उन्होंने कहा कि जब कोई युवा मित्र उन्हें मार्शल आर्ट आजमाने के लिए कहता है, तो वह निश्चित रूप से हां कहते हैं।
उन्होंने कहा, “ (मैंने) कुट्टिक्कानम के मरियन कॉलेज में एक छात्रा के साथ कलरिपयट्टू पर हाथ आजमाया । यह एक अविश्वसनीय अनुभव था जिसने यह साबित कर दिया कि कलरिपयट्टू वास्तव में सभी मार्शल आर्ट की जननी है। केरल की परंपराओं में अपार शक्ति, अनुशासन और गरिमा समाहित है।
कॉलेज के मीडिया अध्ययन के छात्र आर जे जैनिल ने भी गांधी के साथ अपनी संक्षिप्त मुलाकात का एक वीडियो अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर पोस्ट किया।
तमिल भाषी छात्र जैनिल ने बाद में सोशल मीडिया पर गांधीजी को मुलाकात करने और कॉलेज आने के लिए धन्यवाद दिया।
उसने कहा, “यह मेरे और हमारे मरियन कॉलेज के लिए एक ऐतिहासिक क्षण है।”
इस बातचीत के दौरान, विद्यार्थियों ने गांधीजी से जीवनशैली और विभिन्न समसामयिक मुद्दों पर प्रश्न पूछे।
भाषा राजकुमार संतोष
संतोष