राजस्थान: कॉजपा कार्यकर्ताओं को ग्रामीणों के विरोध का सामना करना पड़ा

Ads

राजस्थान: कॉजपा कार्यकर्ताओं को ग्रामीणों के विरोध का सामना करना पड़ा

  •  
  • Publish Date - August 21, 2026 / 11:51 AM IST,
    Updated On - August 21, 2026 / 11:51 AM IST

जयपुर, 21 अगस्त (भाषा) कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) की टीम को शुक्रवार को जयपुर के बगरू विधानसभा क्षेत्र में सरकारी प्राथमिक विद्यालय के दौरे के दौरान ग्रामीणों के विरोध का सामना करना पड़ा।

आरोप है कि स्थानीय लोगों ने इन कार्यकर्ताओं को गांव से बाहर खदेड़ दिया और उनके खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया।

यह घटना रामपुरा— कंवरपुरा के सरकारी प्राथमिक विद्यालय में हुई जहां कॉजपा कार्यकर्ता भवन की हालत का जायज़ा लेने और छात्रों व शिक्षकों से बातचीत करने पहुंचे थे।

पुलिस ने इस तरह की घटना को लेकर अनभिज्ञता जाहिर की है। बगरू के पुलिस उपाधीक्षक धर्मेंद्र शर्मा ने कहा कि उन्हें ऐसी किसी घटना की जानकारी नहीं है।

खबरों के मुताबिक, कॉजपा के कार्यकर्ताओं के गांव पहुंचने से पहले ही ग्रामीणों ने मुख्य रास्ते पर बैरिकेड लगा दिए थे और गांव में आने वाले वाहनों की जाँच कर रहे थे। इसके बाद ग्रामीणों और कॉजपा कार्यकर्ताओं के बीच टकराव हुआ जिसके बाद कार्यकर्ताओं को उस इलाके से बाहर निकाल दिया गया।

बाद में ग्रामीणों ने स्कूल के बाहर धरना दिया और कॉजपा के खिलाफ नारे लगाए।

स्थानीय निवासियों और भाजपा कार्यकर्ताओं ने कहा कि स्थानीय प्रयासों से स्कूल की मरम्मत की जा सकती है। उन्होंने दावा किया कि सरकार ने इस काम के लिए पहले ही धन मंज़ूर कर दिया है।

स्कूल की इमारत को असुरक्षित घोषित कर छात्रों के लिए बंद कर दिया गया है। फिलहाल स्कूल की इमारत के पास बने पशुबाड़े में कक्षाएं चल रही हैं। कॉजपा ने कहा था कि उसके कार्यकर्ता शुक्रवार को जयपुर के दो सरकारी स्कूलों का दौरा करेंगे ताकि शिक्षा व्यवस्था, बुनियादी ढाँचे और छात्रों को मिलने वाली सुविधाओं का जायज़ा लिया जा सके।

यह कार्यक्रम राजस्थान में सरकारी स्कूलों में बाहरी लोगों और मीडिया के सदस्यों के प्रवेश को लेकर चल रहे विवाद के बीच हो रहा है। कॉजपा सदस्यों द्वारा स्कूल भवनों के निरीक्षण की घोषणा के बाद शिक्षा विभाग ने बिना किसी ठोस कारण के बाहरी लोगों और मीडियाकर्मियों के स्कूलों में बिना अनुमति प्रवेश पर रोक लगा दी थी।

कॉजपा के सह-संयोजक आशुतोष रांका ने इन प्रतिबंधों को लेकर राज्य सरकार की आलोचना की और शिक्षा मंत्री पर सरकारी स्कूलों की हालत छिपाने की कोशिश करने का आरोप लगाया।

रांका ने पत्रकारों से कहा, ‘शिक्षा मंत्री राजस्थान में शिक्षा की खराब हालत को छिपाने के लिए तानाशाही रवैया अपना रहे हैं। हम सरकार के आदेश से डरेंगे नहीं। हमारा मिशन तब तक जारी रहेगा जब तक राजस्थान के सभी सरकारी स्कूलों की हालत में सुधार नहीं हो जाता।’

भाषा पृथ्वी मनीषा

मनीषा