US india Trade Deal | Photo Credit: IBC24
नई दिल्ली: US india Trade Deal भारत और अमेरिका के बीच हुई ट्रेड डील संसद से लेकर सड़कों तक सियासी बहस का बड़ा मुद्दा बनी हुई है। एक तरफ विपक्ष सवाल उठा रहा है, तो दूसरी तरफ सरकार इसे किसानों और देश के लिए ऐतिहासिक बता रही है। मध्यप्रदेश में भी इस डील को लेकर राजनीतिक पारा हाई है।
Shivraj Singh Chouhan PC केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान प्रेस कॉन्फ्रेंस में सामने आए और भारत–अमेरिका ट्रेड डील को अभूतपूर्व करार दिया। शिवराज ने कहा ये सिर्फ व्यापारिक समझौता नहीं, बल्कि भारत की मजबूत नीति, आत्मसम्मान और संतुलित रणनीति का प्रतीक है। कृषि मंत्री ने साफ किया कि इस डील में भारतीय किसानों के हितों से कोई समझौता नहीं हुआ है।
शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि अमेरिका ने कई भारतीय उत्पादों पर टैरिफ 50 फीसदी से घटाकर शून्य कर दिया है। साल 2024–25 में भारत का कृषि निर्यात 4.45 बिलियन डॉलर था, जो अब और बढ़ेगा। लेकिन इसी ट्रेड डील को लेकर कांग्रेस ने सरकार पर सीधा हमला बोला। भोपाल में पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने तीखे शब्दों में कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कॉम्प्रोमाइज्ड हैं। पटवारी का आरोप कि शिवराज सिंह चौहान किसानों की आंखों में धूल नहीं, मिर्च झोंक रहे हैं।
एक तरफ संसद में राहुल गांधी और विपक्ष ट्रेड डील पर सवाल उठा रहा है, तो दूसरी तरफ मध्यप्रदेश में बीजेपी और कांग्रेस आमने-सामने हैं। सरकार इसे किसान हित में ऐतिहासिक बता रही है, तो विपक्ष इसे किसान विरोधी समझौता करार दे रहा है।अब सवाल यही है कि क्या ये ट्रेड डील वाकई भारतीय किसानों को नए बाजार और सुरक्षा देगी? या फिर विपक्ष की आशंका आने वाले वक्त में सच साबित होगी?