कोलकाता, एक जून (भाषा) पश्चिम बंगाल सीआईडी के जांचकर्ताओं ने हस्ताक्षर जालसाजी मामले के सिलसिले में कालीघाट इलाके में तृणमूल कांग्रेस नेता अभिषेक बनर्जी के आवास पर 48 घंटे से कुछ अधिक समय में सोमवार शाम को दूसरी बार दौरा किया। यह जानकारी अधिकारियों ने दी।
यह घटनाक्रम बनर्जी द्वारा स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए जांच एजेंसी से 15 दिन का समय मांगने के कुछ घंटे बाद सामने आया। विधानसभा सचिवालय को सौंपे गए एक पत्र में पार्टी विधायकों के जाली हस्ताक्षरों के कथित उपयोग की जांच के सिलसिले में अपराध जांच विभाग (सीआईडी) ने उन्हें तलब किया था।
जांच एजेंसी के एक अधिकारी ने बताया कि सीआईडी की एक टीम शाम करीब 5:30 बजे तृणमूल सांसद अभिषेक बनर्जी के आवास पर पहुंची और जांच के तहत परिसर का वीडियो बनाया। उन्होंने कहा, ‘‘परिसर का दस्तावेजीकरण करने और सबूत जुटाने के लिए वीडियो रिकॉर्डिंग की जा रही है।’’
अधिकारी ने कहा, ‘‘जांच कानून के अनुसार आगे बढ़ रही है। मामले से जुड़े आवश्यक बयान और सामग्री की जांच की जा रही है।’’
तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी पर शनिवार को तब हमला किया गया था जब वह दक्षिण 24 परगना जिले के सोनारपुर में चुनाव बाद हिंसा के एक कथित पीड़ित के घर गए थे। उस शाम उन्होंने दो निजी अस्पतालों में उपचार कराया, जिस दौरान पार्टी प्रमुख ममता बनर्जी भी मौजूद थीं।
सूत्रों ने बताया कि अभिषेक बनर्जी ने राज्य की जांच एजेंसी के समन के तहत सोमवार को सीआईडी अधिकारियों के समक्ष पेश नहीं होने के लिए स्वास्थ्य संबंधी कारणों का हवाला दिया है।
पश्चिम बंगाल अपराध जांच विभाग (सीआईडी) ने शनिवार को अभिषेक बनर्जी को नोटिस जारी करके भवानी भवन स्थित अपने मुख्यालय में पेश होने को कहा था। यह नोटिस विपक्ष के नेता के रूप में शोभनदेव चट्टोपाध्याय के समर्थन में विधानसभा सचिवालय को सौंपे एक पत्र में विधायकों के फर्जी हस्ताक्षरों का इस्तेमाल करने के आरोप की जांच के सिलसिले में जारी किया गया है।
नोटिस की तामील बनर्जी के कालीघाट रोड स्थित आवास पर करायी गई थी।
भाषा अमित नरेश
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