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चेन्नई, 28 मार्च (भाषा) तमिलनाडु में सत्तारूढ़ द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) ने शनिवार को 23 अप्रैल को होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए 164 सीट पर अपने उम्मीदवारों के नाम घोषित किए। पार्टी ने मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन और उनके बेटे एवं उपमुख्यमंत्री उदयनिधि को उनकी मौजूदा सीटों से फिर से नामांकित किया है।
कांग्रेस और वामपंथी दलों समेत सहयोगियों के साथ कई दिनों तक सीट बंटवारे को लेकर चली वार्ता समाप्त होने के बाद, द्रमुक ने अपने लिए निर्वाचन क्षेत्रों की पहचान कर ली।
कुछ ही मिनटों बाद, द्रमुक मुख्यालय ‘अन्ना अरिवलयम’ में संवाददाता सम्मेलन में, स्टालिन ने अपनी पार्टी के 164 उम्मीदवारों के नामों की घोषणा की।
स्टालिन ने सीट बंटवारे को लेकर हुई वार्ता में किसी भी तरह की ‘‘देरी’’ से इनकार करते हुए कहा कि ‘‘धैर्यपूर्ण चर्चाओं’’ से सभी संतुष्ट हैं।
अन्नाद्रमुक महासचिव ए के पलानीस्वामी ने द्रमुक पर कटाक्ष करते हुए दावा किया कि सीट बंटवारे की बातचीत में देरी हुई है, जबकि उनकी पार्टी ने बढ़त हासिल कर ली है और सभी समझौते पूरे करके चुनाव प्रचार में जुट गई है।
द्रमुक की 164 सीट के अलावा, वाइको के नेतृत्व वाली एमडीएमके समेत गठबंधन पार्टी के 11 उम्मीदवार सत्तारूढ़ पार्टी के ‘उगते सूरज’ चिह्न पर चुनाव लड़ेंगे, जिससे पार्टी के लिए कुल सीटों की संख्या प्रभावी रूप से 175 हो जाएगी।
राज्य में विधानसभा की 234 सीट के लिए 23 अप्रैल को मतदान होगा।
स्टालिन ने शनिवार को अपने 33 मंत्रिमंडलीय सहयोगियों में से तीन को छोड़कर बाकी सभी को और कुछ वरिष्ठ विधायकों की उम्मीदवारी को बरकरार रखा। उन्होंने जिन उम्मीदवारों को टिकट दिया है उनमें चिकित्सक, इंजीनियर और पीएचडी धारक भी शामिल हैं। इसके अलावा, सत्तारूढ़ दल की ओर से 18 महिलाएं चुनाव लड़ रही हैं।
स्टालिन ने कहा कि वह कोलाथुर से एक बार फिर चुनाव लड़ेंगे। उदयनिधि भी इसी शहर के चेपॉक-ट्रिप्लिकेन से दोबारा चुनाव लड़ रहे हैं।
मंत्री दुरई मुरुगन (द्रमुक महासचिव), के एन नेहरू अनबिल महेश पोय्यामोझी, थंगम थेनारासु, मा सुब्रमण्यम और ईवी वेलु की उम्मीदवारी बरकरार रखी गई है।
अन्नाद्रमुक से निष्कासित नेता ओ पन्नीरसेल्वम हाल में द्रमुक में शामिल हुए थे और उन्हें उस बोदिनायक्कनूर सीट से उम्मीदवार बनाया गया है, जिसका उन्होंने निवर्तमान विधानसभा में प्रतिनिधित्व किया था। द्रमुक में शामिल होने के बाद उन्होंने विधायक के रूप में इस्तीफा दे दिया था।
पन्नीरसेल्वम के दो सहयोगियों पॉल मनोज पांडियन और आर वैथिलिंगम को भी टिकट दिए गए हैं।
पूर्व मंत्री वी सेंथिल बालाजी को कोयंबटूर दक्षिण से उम्मीदवार बनाया गया है।
इससे पहले दिन में द्रमुक ने विधानसभा चुनावों के लिए अपने सहयोगियों के साथ सीट बंटवारे की प्रक्रिया पूरी कर ली जिसमें कांग्रेस, वामपंथी दलों, वीसीके और डीएमडीके समेत अन्य दलों द्वारा चुनाव लड़े जाने वाले निर्वाचन क्षेत्रों की पहचान की गई।
राज्य में द्रमुक, ‘सेक्युलर प्रोग्रेसिव एलायंस’ (एसपीए) का नेतृत्व कर रही है।
समझौते के अनुसार, द्रमुक की प्रमुख सहयोगी कांग्रेस की 28 सीटों में पोन्नेरी, इरोड ईस्ट, विलावंकोड, शिवकाशी और कराईकुडी शामिल हैं।
प्रेमलता विजयकांत के नेतृत्व वाली डीएमडीके को पहले ही 10 सीट आवंटित की गई हैं, और उनमें विरुधाचलम और पल्लावरम शामिल हैं।
थोल थिरुमावलवन के नेतृत्व वाली वीसीके को आठ सीट मिली हैं, जिनमें कट्टुमन्नारकोइल, पनरुत्ती और तिंडीवनम शामिल हैं।
माकपा को पद्मनाभपुरम और पलानी सीट आवंटित की गई हैं, जबकि भाकपा थल्ली और भवानीसागर (आरक्षित) समेत अन्य सीटों से चुनाव लड़ेगी। दोनों वामपंथी दलों को पांच-पांच सीट दी गई हैं।
द्रमुक ने अन्य सहयोगी दलों के लिए भी सीट निर्धारित की हैं, जिनमें वाइको के नेतृत्व वाली एमडीएमके भी शामिल है, जो चार सीट पर चुनाव लड़ेगी।
स्टालिन ने पत्रकारों से कहा कि पार्टी का चुनावी घोषणापत्र रविवार को जारी किया जायेगा।
भाषा
देवेंद्र नरेश
नरेश