‘धनवर्षा’ का झांसा देकर जहरीले ‘लड्डू’ खिला तीन लोगों की हत्या के आरोप में तांत्रिक गिरफ्तार

‘धनवर्षा’ का झांसा देकर जहरीले ‘लड्डू’ खिला तीन लोगों की हत्या के आरोप में तांत्रिक गिरफ्तार

‘धनवर्षा’ का झांसा देकर जहरीले ‘लड्डू’ खिला तीन लोगों की हत्या के आरोप में तांत्रिक गिरफ्तार
Modified Date: February 11, 2026 / 04:44 pm IST
Published Date: February 11, 2026 4:44 pm IST

नयी दिल्ली, 11 फरवरी (भाषा) दिल्ली पुलिस ने तीन लोगों की हत्या के आरोप में बुधवार को एक तांत्रिक को गिरफ्तार किया। तांत्रिक पर आरोप है कि उसने ‘धनवर्षा’ का वादा करते हुए एक अनुष्ठान करने के नाम पर उन्हें जहर मिले ‘‘लड्डू’’ खिलाकर मार डाला।

आरोपी की पहचान कमरुद्दीन उर्फ ​​बाबा के रूप में हुई है, जो उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद का निवासी है। वह लोनी और फिरोजाबाद में एक तथाकथित तांत्रिक केंद्र संचालित कर रहा था और राजस्थान तथा उत्तर प्रदेश में दर्ज दो अलग-अलग हत्या के मामलों में वांछित था।

पुलिस उपायुक्त (बाहरी) सचिन शर्मा ने बताया, ‘‘विस्तृत तकनीकी और जमीनी स्तर पर जांच के बाद उसे गिरफ्तार किया गया। वह लोगों की हत्या करने और उनसे नकदी और कीमती सामान लूटने की सुनियोजित साजिश में शामिल था।’’

अधिकारी ने बताया कि कमरुद्दीन तांत्रिक अनुष्ठानों के माध्यम से भारी धन लाभ का वादा करके लोगों को शिकार बनाता था। उनका विश्वास जीतने के बाद वह कथित तौर पर उन्हें जहर मिले लड्डू खिलाता था तथा शराब और शीतल पेय पिलाता था, जिसके बाद जब वे बेहोश हो जाते थे तो वह उनका पैसा लेकर फरार हो जाता था।

उन्होंने बताया, ‘‘यह मामला आठ फरवरी को तब सामने आया जब पश्चिम विहार पूर्व पुलिस थाने को एक पीसीआर से जानकारी प्राप्त हुई जिसमें बताया गया कि एक महिला सहित तीन लोग एक कार के अंदर बेहोश पड़े हैं।’’

पुलिस की एक टीम तुरंत मौके पर पहुंची और उन्हें चालक की सीट पर करीब 76 वर्षीय एक बुजुर्ग व्यक्ति और कार के अंदर करीब 40 वर्षीय महिला मिली। साथ ही 42 वर्षीय एक व्यक्ति को राहगीरों ने बाहर निकाल लिया गया था।

शर्मा ने बताया, ‘‘तीनों को संजय गांधी मेमोरियल अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। वाहन की तलाशी के दौरान पुलिस को शराब की बोतलें, कोल्ड ड्रिंक की बोतलें, खाली गिलास, मोबाइल फोन, नकदी, हेलमेट, जैकेट, आधार कार्ड और अन्य व्यक्तिगत सामान और दस्तावेज मिले।’’

उन्होंने बताया कि तीनों की पहचान बापरोला निवासी रणधीर (76), नगली डेयरी के प्रॉपर्टी डीलर शिव नरेश (42) और जहांगीरपुरी निवासी लक्ष्मी (40) के रूप में हुई है।

मृतक के परिवार वालों ने आत्महत्या की आशंका से इनकार किया था और उनकी मौत की परिस्थितियों पर संदेह व्यक्त किया था, जिसके कारण पुलिस ने जांच शुरू कर दी।

पुलिस ने कहा कि तकनीकी निगरानी और कॉल डिटेल रिकॉर्ड के विश्लेषण से पता चला है कि घटना से पहले के दिनों में तीनों कमरुद्दीन के संपर्क में थे और गाजियाबाद के लोनी गए थे – पहली बार घटना से एक दिन पहले और फिर उसी दिन जब वे मृत पाए गए थे।

पुलिस को पता चला कि जब तीनों दिल्ली लौट रहे थे तब कार में एक और व्यक्ति मौजूद था।

अधिकारी ने बताया, ‘‘आगे की जांच से पता चला कि वह व्यक्ति कमरुद्दीन था, जो लोनी में वाहन में सवार हुआ था और बाद में उसे उसी स्थान पर छोड़ दिया था जहां वह मिला था।’’

डीसीपी ने कहा कि कमरुद्दीन को गिरफ्तार किए जाने के बाद उसने जांचकर्ताओं को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन वह अपनी गतिविधियों के बारे में संतोषजनक जवाब देने में विफल रहा।

लगातार पूछताछ करने पर उसने खुलासा किया कि लगभग दो महीने पहले जहांगीरपुरी निवासी सलीम नामक व्यक्ति के माध्यम से लक्ष्मी से उसकी मुलाकात हुई थी। इसके बाद लक्ष्मी ने शिव नरेश और रणधीर का परिचय उससे कराया।

पुलिस ने बताया कि कमरुद्दीन ने तीनों को ‘धनवर्षा’ के लिए एक विशेष ‘‘पूजा’’ करने के लिए राजी किया और उन्हें अनुष्ठान के लिए दो लाख रुपये नकद के साथ-साथ शराब और कोल्ड ड्रिंक की व्यवस्था करने का निर्देश दिया।

घटना वाले दिन उसने कथित तौर पर जहर मिलाकर लड्डू तैयार किए और तीनों को लोनी से दिल्ली तक कार में ले गया। यात्रा के दौरान उसने ‘‘अनुष्ठान’’ के हिस्से के रूप में उन्हें शराब, कोल्ड ड्रिंक और जहरीली मिठाइयां दीं।

अधिकारी ने बताया, ‘‘उसके खुलासे के अनुसार तीनों जहर वाले लड्डू और पेय पदार्थ का सेवन करने के बाद अस्वस्थ महसूस करने लगे और अंततः बेहोश हो गए। इसके बाद वह नकदी लेकर फरार हो गया।’’

पुलिस ने कहा कि साक्ष्यों से घटना के समय पर कार में कमरुद्दीन की उपस्थिति की पुष्टि होती है। मार्ग के सीसीटीवी फुटेज, इलेक्ट्रॉनिक निगरानी और लोकेशन डेटा ने भी घटनाक्रम की पुष्टि की है।

अधिकारी ने बताया कि कमरुद्दीन आदतन अपराधी है और इससे पहले राजस्थान और उत्तर प्रदेश में इसी तरह के हत्या के दो मामलों में शामिल रहा है।

उन्होंने बताया, ‘‘उस पर इससे पहले 2014 में राजस्थान के धौलपुर स्थित राजा खेड़ा पुलिस थाने में भारतीय दंड संहिता की धारा 143, 363 और 302 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। इसके अलावा, 2025 में उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद स्थित मक्खनपुर पुलिस थाने में बीएनएस की धारा 103(1) और 123 के तहत एक अन्य प्राथमिकी में भी उसका नाम दर्ज किया गया था।’’

पुलिस ने पश्चिम विहार पूर्व पुलिस थाने में एक मामला दर्ज किया है। अपराध में किसी और की संलिप्तता का पता लगाने के लिए जांच की जा रही है।

भाषा गोला पवनेश

पवनेश


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